ज्योतिर्मठ। बदरीनाथ मंदिर के कपाट बंद होने के बाद नृसिंह मंदिर में भव्य कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस दौरान मंदिर परिसर में सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। बदरीनाथ मंदिर के कपाट 25 नवंबर को बंद हो जाएंगे। 27 नवंबर को आदि गुरु शंकराचार्य की गद्दी और गरुड़ भगवान की डोली के साथ बदरीनाथ के रावल (मुख्य पुजारी) अमरनाथ नंबूदरी, धर्माधिकारी राधाकृष्ण थपलियाल व अन्य वेदपाठी ज्योतिर्मठ के नृसिंह मंदिर में पहुंचते हैं। बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के उपाध्यक्ष ऋषि प्रसाद सती ने बताया कि आदि गुरु शंकराचार्य की गद्दी के ज्योतिर्मठ पहुंचने के कार्यक्रम को भव्य रूप दिया जाएगा। सुबह 10 बजे डिग्री कॉलेज से मंदिर परिसर तक शोभा यात्रा निकाली जाएगी। गद्दी के साथ रावल, धर्माधिकारी भी यात्रा के साथ मंदिर में पहुंचेंगे। मंदिर में डिग्री कॉलेज व अन्य शिक्षण संस्थाओं की छात्राओं की ओर से सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां दी जाएंगी। संवाद