बदरीनाथ में वाहन पार्किंग की समुचित सुविधा न होने से तीर्थयात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। वाहनों से जाम लगने के कारण तीर्थयात्रियों ने करीब पांच किलोमीटर की दूरी पैदल नापी।
बीते वर्षों तक तीर्थयात्री वाहनों को धाम में सड़क किनारे, बस अड्डा और होटलों के आगे खड़ा कर देते थे। इस बार राष्ट्रपति के दौरे को लेकर शुक्रवार शाम को पुलिस प्रशासन की ओर से वाहनों को देव दर्शनी में ही रोक दिया गया।
वाहनों की संख्या अधिक होने से रडांग बैंड तक पांच किलोमीटर का जाम लग गया। वाहनों को माणा गांव में पार्किंग के लिए भेजा गया तो कुछ को होटल और धर्मशालाओं के परिसर में खड़ा करवाया गया। तब जाकर रात दस बजे तक तीर्थयात्री बदरीनाथ पहुंच सके।
शनिवार को भी राष्ट्रपति के आगमन को लेकर देव दर्शनी में ही वाहनों को रोक लिया गया। जब साढ़े दस बजे राष्ट्रपति रवाना हो गए तो वाहनों को बदरीनाथ के लिए भेजा गया। बदरीनाथ से वापिस आ रहे वाहनों के कारण दोबारा जाम की स्थिति बन गई।
इस दौरान बदरीनाथ आ रहे तीर्थयात्रियों ने करीब पांच किलोमीटर की दूरी पैदल नापी। बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के सदस्य जगदीश भट्ट का कहना है कि बदरीनाथ में वाहन पार्किंग सुविधा नहीं है, जिससे तीर्थयात्रियों को दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं।