बागेश्वर। बंड गांव के लोगों को न पीने को पानी मिल रहा है और न ही सिंचाई के लिए। ग्रामीणों ने जल जीवन मिशन योजना के कार्यों की जांच करवाने और सिंचाई नहर की मरम्मत कर पानी चलाने की मांग के लिए कलक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया। डीएम को ज्ञापन देकर जल्द समस्याओं का समाधान करवाने की मांग की।
डीएम को दिए ज्ञापन में ग्रामीणों ने बताया कि लोहारी-कनस्यारी बाईपास सड़क के निर्माण के दौरान कनस्यारी नहर क्षतिग्रस्त हो चुकी है। नहर टूटने से बंड गांव के किसानों को सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल रहा है। बारिश नहीं होने से धान की नर्सरी सूखने लगी है। रोपाई का काम भी प्रभावित हो रहा है। जल्द नहर की मरम्मत नहीं हुई तो बंड का सेरा बंजर होने की कगार पर पहुंच जाएगा।
ग्रामीणों ने जल जीवन मिशन के तहत हो रहे कार्यों पर भी सवाल खड़े किए। ग्रामीणों ने कहा कि ठेकेदार ने बिना ग्रामीणों की सहमति के बरसाती नाले से स्रोत को टैप करते हुए करीब 25 साल पुराने क्षतिग्रस्त टैंक में डाल दिया है। ग्राम पंचायत के समीप कोई भी जलस्रोत नहीं होने से पूर्व में स्वजल ने धैना गांव के पास के नाले से योजना बनाई थी। उस नाले पर पानी की पर्याप्त उपलब्धता होने के बावजूद ठेकेदार ने अपनी मर्जी से गांव के समीप बरसाती नाले से योजना बनाई। इस नाले में पानी नहीं होने से गांव में पेयजल संकट गहरा गया है। ग्रामीणों ने कार्यों में अनियमितता का आरोप लगाते हुए योजना के कार्यों की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की। इस मौके पर किशन सिंह, कैलाश चंद्र तिवारी, बहादुर सिंह, पूरन सिंह, नैन सिंह, बहादुर सिंह, केशर सिंह, कमला देवी, दीपा देवी आदि मौजूद रहे। संवाद