बागेश्वर। पुलिस चरस बरामदगी के मामले को न्यायालय में साबित नहीं कर पाई। विशेष सत्र न्यायाधीश एसएमडी दानिश की अदालत ने सबूतों के अभाव में चरस तस्करी के दोनों आरोपियों को दोषमुक्त करार दिया।
मिली जानकारी के अनुसार 13 फरवरी 2021 को झिरौली थाने के तत्कालीन थानाध्यक्ष एसआई कृष्णा गिरी के नेतृत्व में चेरिंग कर रही पुलिस टीम ने स्कार्पियो वाहन में सवार दो लोगों को चरस के साथ गिरफ्तार किया था। पुलिस ने वाहन में सवार फाजिल निवासी कीरतपुर बिजनौर उत्तर प्रदेश और शहजाद निवासी नटहौर बिजनौर से क्रमश: 1.320 और 3.258 किलो चरस बरामद होना दिखाया। पुलिस ने दोनों के खिलाफ 8/20 एनडीपीएस एक्ट में मुकदमा पंजीकृत किया। एसआई दीवान सिंह ने विवेचना कर आरोपपत्र न्यालय में प्रस्तुत किया। विवेचना के दौरान अभियोजन ने 9 गवाहों को परीक्षित कराया। बुधवार को विशेष सत्र न्यायाधीश के न्यायालय ने पत्रावली में उपलब्ध कराए गए साक्ष्यों और अभियुक्तों के प्रस्तुत तर्कों के आधार पर दोनों आरोपियों को दोषमुक्त करार दिया। आरोपियों की पैरवी अधिवक्ता नरेंद्र कोरंगा ने की। संवाद
शराब तस्करों पर लगाया जुर्माना
बागेश्वर। शराब तस्करी के मामले में सिविल जज/न्यायिक मजिस्ट्रेट बागेश्वर रिजवान अंसारी की अदालत ने दोषियों को आठ हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। जुर्माना अदा न करने पर दोनों आरोपियों को तीन-तीन माह का साधारण कारावास भोगना होगा।
अभियोजन पक्ष से मिली जानकारी के अनुसार 26 मई 2021 को कपकोट थाना पुलिस ने शामा रोड पर जो चार पहिया वाहनों से शराब की 22 पेटी बरामद की थी। वाहन में सवार धन गिरी गोस्वामी निवासी निवासी मल्लादेश फरसाली (कपकोट) और धीरज सिंह निवासी जसरौली कपकोट को आबकारी अधिनियम के तहत गिरफ्तार कर लिया था।
विवेचना के बाद इस मामले की सुनवाई सिविल जज/न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में हुई। अभियोजन पक्ष ने न्यायालय में पांच गवाह प्रस्तुत किए। बुधवार को न्यायालय ने सजा सुनाई। अभियोजन पक्ष की ओर से नामिका अधिवक्ता नंद किशोर भट्ट ने पैरवी की।