बागेश्वर। जिलाधिकारी अनुराधा पाल ने बैंकर्स को ऋण-जमा अनुपात बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। विकास भवन में हुई जिला स्तरीय पुनरीक्षण समिति की बैठक में राज्य प्रायोजित योजना, ऋण-जमा अनुपात बढ़ाने, केसीसी, वार्षिक ऋण योजना, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की समीक्षा की गई।
डीएम ने कहा कि वित्तीय वर्ष के लिए सभी बैंक वार्षिक कार्य योजना को ध्यान में रखते हुए जिले का ऋण-जमा अनुपात बढ़ाने के लिए एक्शन प्लान तैयार करें। कहा कि राज्य प्रायोजित जो भी योजनाएं संचालित हैं, उन योजनाओं में जो लक्ष्य निर्धारित किया गया है, उसे ध्यान में रखते हुए अधिक से अधिक लोगों को बैंक के माध्यम से सरकारी योजनाओं का लाभ दिया जाए। डीएम ने विभागीय अधिकारियों को बैंकों को भेजे जाने वाले आवेदनों का भली-भांति परीक्षण करने के उपरांत बैंकों को प्रेषित करने के निर्देश दिए ताकि आवेदनकर्ता को परेशान न होना पड़े। नाबार्ड के तहत जिले में किए जा रहे कार्यों की भी समीक्षा की। प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना, वीर चंद्र सिंह गढ़वाली पर्यटन स्वरोजगार योजना, पंडित दीनदयाल होम स्टे योजना, राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन में निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप कार्य करने के निर्देश दिए। बैठक में अधिकारी और बैंकर्स मौजूद थे।