बागेश्वर। नेशनल प्लान ऑफ एक्शन के तहत हिमालयन चिल्ड्रन एकेडमी में नशाविरोधी कानूनी गोष्ठी आयोजित की गई। इसमें बच्चों, अभिभावकों को नशीली दवाओं के दुष्प्रभावों की जानकारी देते हुए जीवन में नशाखोरी से बचने की शपथ दिलाई गई।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से आयोजित शिविर में सिविल जज सीनियर डिवीजन, प्राधिकरण की सचिव ज्योत्सना ने कहा कि ड्रग्स, नशीली दवाओं का प्रयोग स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव डालते हैं। विश्व को ड्रग से मुक्त करने के लिए युवाओं को शिक्षा के माध्यम से जागरूक करना होगा। इसीलिए उन्होंने बच्चों, अभिभावकों को जीवन में नशाखोरी से बचने की प्रतिज्ञा भी दिलाई।
बताया कि स्कूलों के तीन सौ फीट की परिधि में बिकने वाले तंबाकू गुटखा आदि पर प्रशासन की ओर से पाबंदी लगनी चाहिए। उन्होंने स्वच्छता रखने के तरीके बताते हुए पर्यावरण सुरक्षा की जानकारी भी दी। अधिवक्ता गोविंद बल्लभ उपाध्याय ने बच्चों को उनके अधिकार, कर्तव्य संबंधी विभिन्न कानून, अधिनियमों की जानकारी दी।
शिविर में डॉ. अखिलेश, विनोद भट्ट, पीबी सिंह, जितेंद्र तिवारी ने भी संबोधित किया। शिविर में प्रधानाचार्य हरीश पांडे, देवाशीश नेगी, रेखा पांडे, ईश्वरी दत्त पांडे, भगवती धपोला, रमेश चंद्र उप्रेती, हरीश सोनी, शेखर पांडे आदि उपस्थित थे।