बागेश्वर। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नशे के चंगुल में आए बागेश्वर में नशामुक्ति केंद्र खोलने की घोषणा की है। उन्होंने सरयू के उद्गम स्थल सरमूल को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने और कपकोट के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को अपर जिला चिकित्सालय का दर्जा देने का भी एलान किया। बागेश्वर के भकूना, पालनाधूरा, चेटाबगड़, खेती आदि गांवों को पिथौरागढ़ जिले के नाचनी क्षेत्र से जोड़ने के लिए रामगंगा नदी में झूलापुल बनाने की भी घोषणा की गई।
मंगलवार को कपकोट में जिला प्रशासन की ओर से आयोजित मातृशक्ति उत्सव में आयोजित सभा को संबोधित करते हुए सीएम ने कहा कि भारतीय संस्कृति में कन्यादान को सबसे बड़ा पुण्य माना गया है लेकिन सभी को कन्यादान से पहले विद्यादान करना चाहिए। आज देश में महिलाएं स्वयं सहायता समूहों से जुड़कर आत्मनिर्भर बन रही हैं। उत्तराखंड में भी महिला स्वयं सहायता समूह से जुड़ीं महिलाएं अभूतपूर्व कार्य कर रही हैं। सरकार ने महिलाओं को मजबूत और आत्मनिर्भर बनाने के लिए कई योजनाएं बनाई हैं, जिसके परिणाम सामने दिखने लगे हैं। संवाद
ये घोषणाएं भी कीं
-कपकोट सीएचसी को अपर जिला चिकित्सालय बनाया जाएगा।
-बागेश्वर के बागनाथ मंदिर स्थित संग्रहालय में 90 प्राचीन प्रतिमाओं को स्थापित कराया जाएगा।
-बदियाकोट में 100 मीट्रिक टन का खाद्यान गोदाम और आवासीय भवन का निर्माण होगा।
- कपकोट के शामा में मल्टी लेवल पार्किंग का निर्माण कराया जाएगा।
सरकार की उपलब्धियां गिनाईं
सीएम ने कहा कि केंद्र सरकार की ओर से महिलाओं को घर, शौचालय, रसोई गैस की सुविधा से जोड़ा जा रहा है। सरकार ने सरकारी नौकरियों में महिलाओं को 30 प्रतिशत आरक्षण देने के साथ ही मुख्यमंत्री नारी सशक्तिकरण योजना, मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना, लखपति दीदी योजना, मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना, मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना, मुख्यमंत्री अल्पसंख्यक मेधावी योजना, नंदा गौरा मातृवंदना योजना और महिला पोषण अभियान जैसी योजनाएं शुरू की हैं। प्रदेश में समान नागरिक संहिता का ड्राफ्ट बन रहा है। विधानसभा का सत्र बुलाकर इसे लागू किया जाएगा। पहली बार सरकारी जमीन पर हुए अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की गई है। पांच हजार एकड़ जमीन मुक्त कराई गई है। संवाद
तांबे के बर्तन में कलाकृति बनाने में आजमाए हाथ
बागेश्वर। कपकोट में आयोजित मातृशक्ति उत्सव के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बागेश्वर जिले में निर्मित हस्तशिल्प और हस्तकला उत्पादों की सराहना की। उन्होंने स्वयं तांबे के बर्तन में कलाकृति और रिंगाल की टोकरी बनाने में हाथ आजमाया। मुख्यमंत्री ने महिलाओं का पूजन भी किया। शहीदों की वीरांगनाओं को भी सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागों एवं स्वयं सहायता समूह द्वारा लगाए गए स्टालों का अवलोकन किया। साहसिक पर्यटन, आपदा प्रबंधन गतिविधियों का भी अवलोकन सीएम ने किया। विभिन्न क्षेत्र में बेहतर काम करने वाली महिलाओं को सम्मानित किया। संवाद
सांसद, विधायक ने कहा-आगे बढ़ रहा उत्तराखंड
बागेश्वर। सांसद अजय टम्टा ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड निरंतर प्रगति के पथ पर आगे बढ़ रहा है। कपकोट के विधायक सुरेश गढ़िया ने कहा कि पहली बार कपकोट क्षेत्र में इतनी बड़ी संख्या में लोग एकत्र हुए। मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में उत्तराखंड और बागेश्वर जिला निरंतर आगे बढ़ रहा है। डीएम अनुराधा पाल ने सभी का आभार जताया। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष बसंती देव, पीएमजीएसवाई अनुश्रवण समिति के उपाध्यक्ष शिव सिंह बिष्ट, बागेश्वर की विधायक पार्वती दास, पूर्व मंत्री बलवंत सिंह भौर्याल,भाजपा जिलाध्यक्ष इंद्र सिंह फर्स्वाण, जिला प्रभारी वीरेंद्र वल्दिया, कपकोट के ब्लॉक प्रमुख गोविंद दानू, बागेश्वर की प्रमुख पुष्पा देवी आदि मौजूद थे। संवाद
महरगाड़ घाटी से आई 501 दानों की माला से किया स्वागत
कपकोट पहंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को भाजपा कार्यकर्ताओं ने महरगाड़ घाटी से आई 501 संतरा की माला पहनाई। सीएम संचरे की माला पहनकर अभिभूत नजर आए। संवाद
उत्सव में कई गतिविधियां हुईं
कपकोट में आयोजित मातृशक्ति उत्सव में रिवर क्रासिंग, एमटीबी, एटीवी, ताइक्वांडो, माउंटेनिंग, महिला छलिया नृत्य आदि का प्रदर्शन किया गया। संवाद
99 करोड़ 76 लाख 48 हजार की 37 योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास
बागेश्वर। कपकोट दौरे पर आए सीएम पुष्कर सिंह धामी ने 99,76,48,000 रुपये की 37 योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास शामिल है। जिनमें 18,87,07,000 रुपये की 11 योजनाओं का लोकार्पण और 80,89,41,000 रुपये की 26 योजनाओं का शिलान्यास किया।
इन कार्यों का हुआ लोकार्पण
बागेश्वर
1,01, 55,000 रुपये की ओखलीसिरोद पेयजल योजना। 1,89,27,000 रुपये की मजकोट पेयजल योजना। 1,61,65,000 रुपये से मटेना जिनखोला बण्ड मोटर मार्ग का निर्माण। 2,46,08,000 रुपये से मटेना-जिनखोला मोटर मार्ग में स्टील गर्डर पुल का निर्माण। 1,63,55,000 रुपये से बिलौनासेरा में महर्षि स्कूल के समीप बाढ सुरक्षा कार्य। 95,12,000 रुपये से भनारतोली में नलकूप। 1,21,45,000 रुपये की तालड़ लिफ्ट सिंचाई योजना।
कपकोट
1,92,47,000 रुपये से खेमिला को गुंठी और नामतीचेटाबगड़ से जोड़ने के लिए गुंठी नाले में 42 मीटर स्पान के स्टील गार्डर पैदल पुल का निर्माण। 1,77,98,000 रुपये से सोराग के किमी नौ मे 63 मीटर स्पान का मोटर पुल। 2,81,06,000 रुपये से फरसाली से खर्ककानातोली रोड पर स्टेज दो का कार्य। 1,56,89,000 रुपये से बागेश्वर-कपकोट-तेजम मार्ग के किमी 33 से किरोली मोटर मार्ग में स्टेज दो का काम।
इन कार्यों का हुआ शिलान्यास
बागेश्वर
2,24,36,000 रुपये से ओखलसों बैंड-खबडोली बैंड मोटर मार्ग में डामरीकरण। 1,24,36,000 रुपये से जिंतोली-सलखन्यारी सड़क के किमी एक से दो में पुन: निर्माण और सुधारीकरण का कार्य। 2,52,12,000 रुपये से गुरना-नैनीउडियार मोटर मार्ग में डामरीकरण। 23,18,35,000 रुपये की कौसानी ग्राम समूह पंपिंग योजना। 1,43,20,000 रुपये की पचना लिफ्ट सिंचाई योजना। 1,43,90,000 रुपये की रामपुर लिफ्ट सिंचाई योजना। 1,76,67,000 रुपये की चौंरसों लिफ्ट सिंचाई योजना। 1,98,04,000 रुपये की अणा लिफ्ट सिंचाई योजना। 1,05,47,000 रुपये की घिरतौली लिफ्ट सिंचाई योजना। 1,29,49,000 रुपये की खडेरिया लिफ्ट सिंचाई योजना, 1,33,54,000 रुपये की नरग्वाड़ी लिफ्ट सिंचाई योजना। 1,01,00,000 रुपये की किरपूत लिफ्ट सिंचाई योजना। 1,69,27,000 रुपये की सिमखेत लिफ्ट सिंचाई योजना। 1,19,79,000 रुपये की दाड़िमखेत लिफ्ट सिंचाई योजना।
कपकोट
2,60,85,000 रुपये से भयूं-गुलेर सड़क से गुलम-परगाड मोटर मार्ग के किमी एक में 42 मीटर पुल का निर्माण। 4,79,43,000 रुपये से मुनार-गांसी मोटर मार्ग पर पुल का निर्माण। 2,80,95,000 रुपये से मिखिलाखलपट्टा मोटर मार्ग में स्टील पुल का निर्माण। 2,00,80,000 रुपये से रिखाडी-बाछम-खाती मोटर मार्ग पर पुल का निर्माण। 4,10,12,000 रुपये से रिखाड़ी-वाछम से सोराग मोटर मार्ग में पुल का निर्माण। 2,44,69,000 रुपये से शंभु नदी में बदियाकोट-कुंवारी मोटर मार्ग पर पुल का निर्माण। 1,31,32,000 रुपये से बदियाकोट-बोरबलडा मोटर मार्ग पर पुल का निर्माण, 2,01,33,000 रुपये से बदियाकोट-बोरबलडा मोटर मार्ग पर पुल का निर्माण कार्य, 4,92,20,000 से खड़लेख-भनार मोटर मार्ग का उच्चीकरण। 5,00,55,000 रुपये से बागेश्वर-कपकोट मोटर मार्ग से बैडा-पाकड़ मोटर मार्ग का उच्चीकरण। 3,88,71,000 रुपये से धरमघर-सनगाड़ मोटर मार्ग का उच्चीकरण। 1,58,64,000 रुपये से कांडा के सिमकुना में घटवरिया मंदिर, दोफाड़ के नंदा देवी मंदिर, किलपारा के अलखनाथ मंदिर और ठाड़ाईजर के बंज्यैण मंदिर में सौंदर्यीकरण।
साढ़े पांच साल पहले बह गया था झूलापुल
बागेश्वर। मुख्यमंत्री ने रामगंगा नदी में झूलापुल बनाने की घोषणा की है। यह झूलापुल साढ़े पांच साल पहले बरसात के दौरान बह गया था।
सीएम ने कहा कि पूर्व कैबिनेट मंत्री बलवंत सिंह भौर्याल ने पुल के निर्माण का मामला उठाया है। पुल का निर्माण प्राथमिकता के अनुसार कराया जाएगा। इन गांवों के लोग पिछले साढ़े पांच से ट्राली के सहारे नदी को पार कर रहे हैं। बता दें कि18 जुलाई 2018 को झूलापुल नदी के तेज बहाव में बह गया था। अमर उजाला लगातार पुनर्निर्माण न होने का मामला उठा रहा है।
इधर लग गया जाम
बागेश्वर। भीड़ बढ़ने के कारण कपकोट से करीब चार किमी पहले असों के पास से कपकोट तक सड़क सुबह से ही जाम लगा रहा। मीडिया कर्मियों के साथ ही सरकारी महकमों के अधिकारी भी कर्मचारी जाम में फंस गए। इन्हें चार किमी पैदल चलकर कार्यक्रम स्थल तक जाना पड़ा।
नशे की गिरफ्त में आ रहे हैं बागेश्वर के युवा
चार साल में बागेश्वर में पकड़ी गई है 120 किलो से अधिक चरस
कालिका रावल
बागेश्वर। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बागेश्वर में नशामुक्ति केंद्र खोलने की घोषणा की है। नशे की गिरफ्त में आए लोगों को नशे से दूर करने का यह बेहतर माध्यम हो सकता है।
बागेश्वर में हर साल भारी मात्रा में चरस पकड़ी जाती है। जिले का कपकोट चरस का गढ़ बन गया है। चरस तस्करी के जो भी मामले पकड़े जाते हैं, कपकोट से चरस लाने की पुष्टि होती है। पिछले चार साल में जिले में 120 किलो से अधिक चरस पकड़ी गई है। एसपी कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार नवंबर 2023 तक 119 किलो 187 ग्राम चरस पकड़ी गई थी। दिसंबर अंत में डेढ़ किलो से अधिक चरस पकड़ी गई। पुलिस नशे के सौदागरों को तो पकड़ती है, लेकिन इस धंधे पर पूरी तरह से अंकुश नहीं लग पाया है। संवाद
स्मैक का भी गढ़ बन गया बागेश्वर
बागेश्वर। वर्ष 2020 से 2023 अंत तक जिले में स्मैक तस्करी के 64 मामले मामले पकड़ में आ गए हैं। स्मैक तस्करी से कई युवा संलिप्त हैं। संवाद