भगवान बागनाथ की नगरी में उत्तरायणी मेले की धूम जारी है। रामलीला भवन नुमाइशखेत में शनिवार रात कल्पना चौहान ने अपने गीतों के गायन की शुरूआत मेरा जै हो बागनाथ तू दैणा हे जाए...गाकर की। उन्होंने स्वर्ग तारा जुन्याली राता..., इजा बौज्यू रूनी मेरा नैनिताला... सहित कई अन्य गीत गाकर लोगों झूमने पर मजबूर कर दिया। अमित सागर ने बेड़ू पाको बारोमासा, शिवजी का बागवान सची फूल फल्यां छन..., गोविंद दिगारी ने बड़ी दूर से आए हैं प्यार का तोहफा लाए हैं... गाकर खूब तालियां बटोरीं। पालिकाध्यक्ष सुरेश खेतवाल ने मंच पर नवीन परिहार को सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रायोजित करने पर शॉल ओड़ाकर सम्मानित किया।
यह लोग रहे मौजूद
वहां पूर्व इंद्र सिंह परिहार, सहारा इंडिया फ्रेंचाइजी हेड सुमित मेहता, व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष हरीश सोनी, ईओ राजदेव जायसी, भाजयुमो के प्रदेश उपाध्यक्ष गिरीश परिहार, दीपक खेतवाल, जयंत भाकुनी, खीम सिंह परिहार, मनोज कपकोटी, रघुवीर दफौटी आदि थे।
दिव्यांग कलाकारों ने जमाया रंग
बागेश्वर। उत्तरायणी मेले के दौरान यहां आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शृंखला में शनिवार को लोक जागृति विकास समिति सोनला चमोली से आए दिव्यांग कलाकारों ने प्रस्तुति दी। मेलार्थियों ने दिव्यांगों के कार्यक्रमों को खूब सराहा। पम्मी भाई ने दिवंगत लोक कलाकार पप्पू कार्की के गीत उत्तरैणी कौतिक लागि रौ सरयू का बगड़ मा... सहित कई अन्य गीत गाए।
गजेंद्र राणा और नेहा कोरंगा मचाएंगे धमाल
बागेश्वर। 21 जनवरी के प्रात: 11 बजे से शाम चार बजे तक जय भैरवनाथ सांस्कृतिक लोक कला मंच, रंगीली नाकुरी सांस्कृतिक लोक कला मंच, जय मां राज राजेश्वरी सांस्कृतिक मंच नारायणबगड़, जय मैचुला लोक कला समिति काफलीगैर, जय म्यूजिकल ग्रुप हल्द्वानी और सूचना एवं संस्कृति विभाग के दलों के सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। रात साढ़े आठ बजे से स्टार लोक कलाकार गजेंद्र राणा, नेहा कोरंगा, पूनम सती और रणजीत दफौटी धमाल मचाएंगे।
बागनाथ द्वार पहुंचने में लगे 25 मिनट
मेले में रविवार को जबरदस्त भीड़ रही। नुमाइश खेत, सरयू बगड़, चौक बाजार, कत्यूर बाजार, भोटिया मार्केट, बागनाथ मंदिर लोगों से खचाखच भरे थे। हालत यह थी कि नुमाइश खेत से सरयू पार कर बागनाथ द्वार पहुंचने में 20-25 मिनट लग रहे थे।
माल का दाम हुए आधे, खरीदार दोगुने
मेले समापन होने पर है ऐसे में स्टाल संचालकों ने माल की कीमतें आधी कर दी हैं। नतीजा स्टालों पर खरीदारों की भीड़ उमड़ रही है। कपकोट, बैजनाथ, गरुड़, सीमांत गांव से आने वाले लोगों ने बर्तनों, कपड़ों, प्लास्टिक व दैनिक उपयोगी जरूरत के सामान, ऊनी कपड़े, फल-सब्जियां, मेकअप का सामान आदि की जमकर खरीदारी हुई।
वन विभाग के स्टाल ने किया आकर्षित
वन विभाग ने विकास प्रदर्शनी में लगे स्टाल में सुंदर झांकी सजाकर लोगों को प्रकृति से जोड़ने की कोशिश की। इस झांकी को देखकर लोगों ने सराहना की। साथ ही जायका, भूमि संरक्षण आदि कार्यक्रमों की भी जानकारी दी।
खाने के स्टालों पर भी लगी भीड़
मेले में मोमो, चाऊमीन, शिकार भात, छोले भटूरे, जूस, टिक्की गोल गप्पे, पेठा आदि के स्टालों पर जमकर भीड़ रही। लोगों ने इनका स्वाद लिया। सबसे ज्यादा भीड़ मोमो काउंटर पर रही। चौक बाजार में भी मिठाई की दुकानों में जलेबी, मोमो सुबह से ही बनने शुरू हो गए।