बागेश्वर। थुनाई-मिहिनिया मोटर मार्ग पर द्वारिकाछीना की पहाड़ी से गिरे मलबे की चपेट में आकर एक अधेड़ की मौत हो गई है। अधेड़ अपनी स्कूटी पर सवार होकर अमतौड़ा गांव की ओर जा रहे थे। पुलिस ने अधेड़ का शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। घटना के बाद मृतक के परिजनों में शोक है।
मंडलसेरा सलीम अहमद (57) पुत्र अजीज अहमद निवासी पीपलचौक, मंडलसेरा मंगलवार सुबह निजी कार्य से अमतौड़ा की ओर जा रहे थे। थुनाई-मिहिनिया मार्ग पर पिछलेे दिनों हुई बारिश से कीचड़ जमा थी। कीचड़ में उनका वाहन फंस गया। वह वाहन को निकालने की कोशिश करने लगे। अचानक पहाड़ी से मलबा भरभराकर गिरने लगा और अधेड़ को संभलने का मौका नहीं मिला। भारी मात्रा में गिरे मलबे में वह दब गए।
थुनाई के लोगों ने उन्हें मलबे की चपेट में आते देखकर तत्काल पुलिस और फायर सर्विस को सूचना दी। मौके पर पहुंची टीम ने अधेड़ को मलबे से बाहर निकाला। तक तक उनकी सांसें बंद हो चुकी थी। उन्हें जिला अस्पताल लाया गया जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
कोतवाल जगदीश सिंह ढकरियाल ने बताया कि शव को पंचायतनामा भरकर पोस्टमार्टम कराने के बाद परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। मृतक मीट की दुकान चलाकर परिवार का भरण-पोषण करता था। उनकी मौत के बाद पत्नी, बेटा और अन्य परिजन शोक में डूब गए हैं। नगर के व्यापारियों ने भी अधेड़ के असामयिक निधन पर शोक जताया है।
कई वर्षों से खतरनाक बनी है द्वारिकाछीना की पहाड़ी
बागेश्वर। बागेश्वर-गिरेछीना मोटर मार्ग पर द्वारिकाछीना के पास पहाड़ी कई वर्षों से खतरनाक बनी हुई है। करीब पांच साल से पहाड़ी कई बार भूस्खलन की जद में आई है जहां पर भूस्खलन हो रहा है, वहां पर गिरेछीना सड़क भी बदहाल है। बारिश के दिनों में हालात अधिक खराब हो जाते हैं। गिरेछीना सड़क से मलबा सीधे मिहिनिया सड़क पर गिरता है। सड़क खोलने के दौरान भी मलबा साफ कर नीचे की ओर गिरा दिया जाता है जिस कारण दोनों सड़कों के बीच पहाड़ी पर जमा हो गया है। बारिश होते ही मलबा पानी के संपर्क में आने से नीचे की ओर बहने लगता है। कई बार पूर्व में भी इस सड़क पर वाहन कीचड़ में फंस चुके हैं। मलबा गिरने से अधेड़ की मौत के बाद लोगों ने सड़क की बदहाली को लेकर नाराजगी भी जताई है।