बागेश्वर। सत्र न्यायाधीश आरके खुल्बे की अदालत ने हत्या के आरोपी दो युवकों को दोषमुक्त किया। दोषियों को अभियोजन पक्ष के न्यायालय में हत्या का कारण स्पष्ट नहीं कर पाने का लाभ मिला। न्यायालय ने संदेह का लाभ देते हुए दोनों आरोपियों को दोषमुक्त करने का फैसला सुनाया।
कथानक के अनुसार भगवान सिंह धपोला पुत्र नारायण सिंह ने कांडा थाने में संजय सिंह नगरकोटी निवासी महरगांव, कांडा और पवन सिंह निवासी भदौरा के खिलाफ अपने भतीजे रविंद्र सिंह धपोला निवासी धपोलासेरा की हत्या करने का आरोप लगाते हुए तहरीर दी। वादी ने बताया कि सात अगस्त 2021 को उसका भतीजा और दोनों आरोपी मलसूना के जंगल में शिकार करने गए थे। आरोपियों ने दोनाली बंदूक से उसके भतीजे की हत्या कर दी। पुलिस ने तहरीर पर आरोपियों के खिलाफ धारा 302 और धारा 34 के तहत केस दर्ज किया।
विवेचना के बाद पुलिस ने न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। अभियोजन पक्ष की ओर से न्यायालय में 17 गवाह पेश कराए गए। आरोपी पवन सिंह की ओर से अधिवक्ता विनोद भट्ट और संजय सिंह की ओर से हरीश चंद्र जोशी, कुंडल सिंह धपोला, त्रिलोक चंद्र जोशी ने मामले की पैरवी की। न्यायालय ने फैसले में कहा कि अभियोजन को अगर आरोपियों ने हत्या की थी तो अभियोजन को मृतक और आरोपियों के बीच रंजिश या विवाद को पुष्ट करना था जो मृतक की हत्या का कारण बन सकता था। ऐसा कोई साक्ष्य न्यायालय में पेश नहीं किया गया है जिसके आधार पर यह माना जाए कि आरोपियों ने ही हत्या की है। कहा कि अभियोजन मामले को संदेह से परे साबित करने में असफल रहा है।