आयोग ने 11 मामलों में एक साथ सुनाया फैसला
बागेश्वर। जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने फ्लैट बिक्री के लिए रकम वसूलने के बावजूद फ्लैट बनाकर नहीं देने के मामले में कंपनी को डेढ़ महीने में लोगाें की रकम आठ प्रतिशत ब्याज जोड़कर एकमुश्त वापस करने के आदेश दिए। आयोग ने 11 लोगों से अलग-अलग वसूली गई रकम के मामले की एकसाथ सुनवाई की।
मामले के अनुसार भवन निर्माता कंपनी सामिया इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड कंपनी ने बागेश्वर के 11 लोगों से रुद्रपुर में गुलमोहर फाइव अपार्टमेंट का निर्माण कर फ्लैट विक्रय करने का सौदा किया था। कंपनी ने सभी लोगों से फ्लैट की रकम भी वसूल कर ली, लेकिन तय किए गए समय तक फ्लैट बनाकर ग्राहकों को कब्जा नहीं दिया। कंपनी ने मांग करने के बावजूद जब लोगों के रुपये नहीं लौटाए तो सभी लोगों ने आयोग में अपील दायर की। आयोग के अध्यक्ष रमेश कुमार जायसवाल और सदस्य हंसी रौतेला ने सभी 11 उपभोक्ता परिवादों में भवन निर्माता के खिलाफ एकपक्षीय निर्णय सुनाया। भवन निर्माता को वसूली रकम वापस करने के साथ-साथ उपभोक्ताओं को मानसिक वेदना क्षतिपूर्ति के लिए 20,000 और वाद व्यय के रूप में 10,000 रुपये का अलग से भुगतान करने का आदेश पारित किया। निर्धारित समय में आदेश का पालन नहीं होने पर कंपनी के खिलाफ धारा 71 और 72 के तहत वसूली और जब्ती की कार्रवाई की जाएगी।