बागेश्वर। जिले में मानसूनी बारिश से घरों और सड़कों को भारी नुकसान हो रहा है। भारी बारिश से एक आवासीय घर ध्वस्त हो गया है जबकि चार मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं। सात सड़कों पर यातायात ठप होने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लगातार हो रही बारिश से सरयू और गोमती का जलस्तर भी बढ़ गया है।
शुक्रवार रात को पूरे जिले में भारी बारिश हुई। बारिश से गरुड़ विकासखंड के ग्वाड़पजेना में मदन राम पुत्र गंगा राम का आवासीय मकान ध्वस्त हो गया। जखेड़ा में चतुर सिंह पुत्र डुंगर सिंह और चौंरसों के भूपाल राम पुत्र बिशन राम के मकान क्षतिग्रस्त हो गए। काफलीगैर तहसील क्षेत्र के खांकर क्षेत्र में नारायण पुत्र जयबल्लभ और पाना गांव में विशन सिंह पुत्र गंगा सिंह के घर भी भारी बारिश से क्षतिग्रस्त हो गए। राजस्व विभाग की टीम ने प्रभावित क्षेत्रों में जाकर नुकसान का मौका मुआयना कर लिया है।
कहां कितनी बारिश
बागेश्वर। शनिवार की सुबह तक गरुड़ में 48 मिमी, कपकोट में 30 मिमी और बागेश्वर विकासखंड में 30 मिमी बारिश दर्ज की गई। भारी बारिश के बाद सरयू नदी का जलस्तर बढ़कर 866.80 मीटर और गोमती का 864 मीटर हो गया है। दोनों नदियां खतरे के निशान 870.70 मीटर से नीचे बह रही हैं।
सात सड़कों पर सुचारू नहीं हुआ यातायात
बागेश्वर। रातभर बारिश होने से शनिवार को जिले की 19 सड़कों पर यातयात ठप हो गया था। पूरे दिन सड़कों को खोलने का काम जारी रहा और 12 सड़कों पर आवाजाही शुरू कराई गई। सात मोटर मार्गों पर अब भी यातायात ठप है। लंबे समय से बंद बागेश्वर-दफौट और सौंग-खलीधार सड़कों को अब तक नहीं खोला जा सका है। सानिउडियार-रावतसेरा, कपकोट-कर्मी, जैसर-रियूनीलखमार, डंगोली-सलानी और बड़ी पन्याली मोटर मार्गों पर यातायात ठप होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
भारी बारिश से बंद सड़कों को खोलने का काम लगातार चल रहा है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी भारी बारिश होने का अनुमान जताया है। इसे देखते हुए प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट है। आपदा कंट्रोल रूम और थानों को 24 घंटे सजग रहने के निर्देश दिए गए हैं।
शिखा सुयाल, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी बागेश्वर