गरुड़ (बागेश्वर)। रामलीला मैदान में दिव्य ज्योति जागृति संस्थान की ओर से सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हो गया है। कथा से पूर्व महिलाओं ने पारंपरिक परिधान में कलश यात्रा निकाली। शनिवार सुबह श्रद्धालुओं ने ढोल, दमाऊ की थाप पर बैजनाथ धाम से रामलीला मैदान तक यात्रा की। महिलाओं ने गोमती नदी से कलशों में जल भरा और सिर पर रखकर मंगल गीत गाए। पूरा क्षेत्र जयकारों से गुंजायमान रहा और बड़ी संख्या में क्षेत्रवासियों ने भागीदारी की। कार्यक्रम स्थल पर पंडितों ने विधिवत पूजा-अर्चना की। कथा व्यास साध्वी मेरुदेवा भारती ने श्रीमद्भागवत को आध्यात्मिकता से परिपूर्ण महान ग्रंथ बताया। उन्होंने कहा कि यह मानव जीवन को सही दिशा और मोक्ष का मार्ग दिखाता है। संस्थान के कैलाश चंद्र जोशी ने बताया कि कथा का आयोजन आशुतोष महाराज की प्रेरणा से किया जा रहा है। इस मौके पर गिरीश पांडेय, कैलाश खोलिया, मोहन सिंह अल्मिया, जीवन सिंह दोसाद, नीमा जोशी, पार्वती जोशी, विमला रावल, मंजू जोशी, निशा खोलिया, दया पंत, पूजा जोशी, प्रेमा जोशी आदि मौजूद थे।