बागेश्वर। काफलीगैर क्षेत्र के जंगलों में सोमवार शाम को भीषण आग लगी। आग से कठपुड़ियाछीना लीसा डिपो के पास का जंगल भी पूरी तरह से जल गया। बारिश के बाद भी न वनों की आग पूरी तरह से बुझी और न ही धुंध में कोई कमी आई। पिछले एक माह से जिले के वन सुलग रहे हैं। सूखे पिरूल के कारण चीड़ के वनों में आग लगने की सबसे अधिक घटनाएं हो रही हैं। जिले में दो सौ हेक्टेअर से अधिक वन्य क्षेत्र आग की चपेट में आ चुका है। सोमवार शाम काफलीगैर क्षेत्र के जंगल आग की चपेट में आ गए। यहां कठपुड़ियाछीना स्थित लीसा डिपो के पास के जंगल में आग लग गई। जिला मुख्यालय के कलक्ट्रेट के पास लगी आग बारिश के बाद बुझ गई, लेकिन आग पकड़ने के कारण लीसा निकालने के लिए खुरचे गए चीड़ के पेड़ बारिश के बाद भी जलते रहे। रात को हुई बारिश के बावजूद मंगलवार की सुबह धुंध अन्य दिनों की तरह ही छाई रही। वातावरण में मामूली अंतर देखा गया। मंगलवार को दिन में दो बजे तक मौसम सामान्य रहा। दिन में अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।