प्रसिद्ध ग्वल देवता मंदिर चितई में बलि को लाए बकरे को वापस ले जाते श्रद्धालु।
अल्मोड़ा। गायत्री परिवार के लोगों का चितई स्थित गोलू देवता मंदिर में पशुबलि के खिलाफ जनजागरण अभियान जारी है। शारदीय नवरात्र की सप्तमी पर बलि को लाए गए तीन बकरों को वापस लौटाया गया। गायत्री परिवार के लोगों ने मंदिर में आए श्रद्धालुओं को उच्च न्यायालय के पशुबलि पर पूर्ण रोक संबंधी आदेशों से अवगत कराया। उनसे फल-फूल, नारियल आदि सात्विक वस्तुएं अर्पित करके पूजा करने की अपील की। जनजागरण के बाद नैनीताल जिले के धानाचूली निवासी मोहन सिंह पशु बलि के लिए लाया गया एक बकरा, बगड़ निवासी राजेंद्र प्रसाद एक बकरा, जागेश्वर के एक अन्य श्रद्धालु एक बकरा वापस ले गए। वहां रीता पांडेय, सरोज भट्ट, मंजू जोशी, बलवंत कुमार, अर्जुन सिंह, पूरन कांडपाल, हरीश बिष्ट, भीम सिंह अधिकारी मौजूद रहे।