अल्मोड़ा। नंदादेवी मेले में मंगलवार को मुरली मनोहर मंदिर कुंदन लाल साह सभागार से मां नंदादेवी मंदिर तक महिलाओं की सांस्कृतिक शोभायात्रा निकली। बुधवार को मां नंदा सुनंदा के डोले की नगर में शोभायात्रा निकलेगी।
शोभायात्रा में झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं। नंदादेवी मंदिर परिसर और एडम्स गर्ल्स इंटर काॅलेज में हुई स्टार नाइट में कलाकारों ने धमाल मचाया।
छोड़ दियो नानू बोज्यू बोतल की दारू रम... गीत पर दर्शक भी झूमने लगे। गायक खीमानंद तिवारी ने माही मिके छोड़िए झन.., ओ लाली हो लाली हौसिया पधानि लाली तिले धारो बोला.., दर्शन बनौला ने पारे भिड़े की बसंती छोड़ी रिमा झिमा.., प्रियंका भट्ट ने पीपल छैया.. गीत प्रस्तुत किया।
राकेश खनवाल और रमेश बाबू गोस्वामी ने गीतों ने दर्शकों को झूमने पर मजबूर किया। मुख्य अतिथि द्वाराहाट के विधायक मदन सिंह बिष्ट को समिति के अध्यक्ष मनोज वर्मा और परितोष जोशी ने स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।
अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष मनोज वर्मा और संचालन मुख्य सांस्कृतिक संयोजक तारा चंद जोशी, सह संयोजक सांस्कृतिक परितोष जोशी, मेला सह संयोजक अर्जुन सिंह बिष्ट ने संयुक्त रूप से किया।
यहां राज परिवार के राजा भैया, समिति के सलाहकार दिनेश गोयल, मंदिर व्यवस्थापक अनूप शाह, अमरनाथ सिंह नेगी, मनोज सनवाल, रवि गोयल आदि मौजूद रहे।
रानीखेत में तनूजा ने बनाए सबसे अच्छे व्यंजन
रानीखेत (अल्मोड़ा) नंदा देवी महोत्सव समिति की ओर से पहली बार आयोजित कुमाऊंनी व्यंजन प्रतियोगिता में तनूजा साह, ज्योति साह, मंजू साह, पूनम साह क्रमश: प्रथम, द्वितीय, तृतीय, चतुर्थ रही।
इनके अलावा खष्टी नेगी, चंपा चौधरी, गीता पवार, संगीता चौधरी, दीपा वर्मा को विशेष पुरस्कार दिया गया। प्रतियोगिता की निर्णायक किरन लता बिष्ट, आभा रावत, निहारिका साह रहे। प्रायोजक पंकज साह, सौरभ अग्रवाल रहे।
मुख्य अतिथि क्षमा गर्ग और रेनू साह ने विजेताओं को सम्मानित किया। वहीं स्व. डीसी पांडे मेमोरियल कैरम प्रतियोगिता के एकल और डबल्स फाइनल मैच खेले गए। एकल मैच में राम सिंह ने दीपक रावत को पराजित किया। वही डबल्स में ललित नेगी-दीपक रावत की जोड़ी ने रविंद्र कुमार-विनय मसीह को पराजित किया। जूनियर वर्ग की प्रतियोगिता में रुद्र सिंह विजेता रहे।
संस्कृति के संरक्षण में सनेती के लोगों का अहम योगदान : भगतदा
बागेश्वर। दुगनाकुरी तहसील के दूरस्थ क्षेत्र सनेती में विख्यात मेले का शुभारंभ मंगलवार को मुख्य अतिथि पूर्व राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने किया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के लोगों ने संस्कृति के संरक्षण में अहम योगदान दिया है।
विशिष्ट अतिथि विधायक सुरेश गढि़या ने कहा कि नाकुरी की संस्कृति उत्तराखंड में अलग स्थान रखती है। मेले के अवसर पर मंदिर में मां नंदा भगवती की मूर्ति की स्थापना की गई। महिलाओं ने भव्य कलशयात्रा निकाली। इस मौके पर जिपं अध्यक्ष बसंती देव, मेला कमेटी के संरक्षक पूर्व मंत्री बलवंत सिंह भौर्याल, धन सिंह बाफिला, व्यवस्थापक कुंदन सिंह रैखोला, अध्यक्ष जगदीश बाफिला, मनोज भौर्याल, पंकज मेहता, विजय लोबियाल, पूर्व जिपं अध्यक्ष हरीश ऐठानी, पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण, ब्लॉक प्रमुख पुष्पा देवी, राम सिंह कोरंगा आदि मौजूद थे।