अल्मोड़ा। कनारीछीना अस्पताल को लेकर उपजा विवाद सुलझ गया है और 17 दिन बाद अस्पताल के ताले खुले हैं। भवन स्वामी की तरफ से लगाए गए ताले खुलने से स्वास्थ्य विभाग, प्रशासन के साथ मरीजों को राहत मिली है। अब भवन स्वामी को सर्किल रेट के हिसाब से बढ़ा किराया मिलेगा जबकि पूर्व में उसे सात कमरों का सिर्फ 150 रुपये किराया मिलता था।
कनारीछीना एलोपैथिक अस्पताल का संचालन किराए के एक भवन के सात कमरों में होता है। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से अब तक भवन स्वामी बहादुर सिंह को सिर्फ 150 रुपये किराया दिया जाता रहा है जो नौ माह पूर्व बंद कर दिया गया। कई बार किराये की मांग के बाद भी विभाग ने इससे हाथ पीछे खींचे तो भवन स्वामी ने बीते 18 दिसंबर को भवन में ताला लगा दिया। वह बकाया और बढ़ा हुआ किराया देने की मांग पर अड़ गए। ऐसे में अस्पताल का संचालन बंद हो गया और क्षेत्र के मरीजों को इलाज के लिए अन्य अस्पतालों में भटकना पड़ रहा था। बुधवार को एसडीएम सदर जयवर्धन शर्मा और सीएमओ डॉ. आरसी पंत कनारीछीना पहुंचे और भवन स्वामी से वार्ता की। भवन स्वामी को बकाया किराये का भुगतान किया गया और भविष्य में सर्किल रेट के हिसाब से किराया देने पर सहमति बनी। इसके बाद भवन स्वामी ने ताला खोला और अस्पताल का संचालन शुरू हुआ।
दवा भी कमरे में हो गई थी बंद
अल्मोड़ा। कनारीछीना ऐलोपैथिक अस्पताल में भवन स्वामी की ओर से ताले लगाए जाने के बाद पास के उपकेंद्र में इसका संचालन स्वास्थ्य कर्मियों ने शुरू किया। यहां मरीजों की जांच तो हो रही थी लेकिन कमरे में बंद होने से उन्हें दवा मिलना मुश्किल हो रहा था। भवन के ताले खुलने से कमरे में बंद दवा भी मरीजों तक पहुंची।
चार कमरों में होगा अस्पताल का संचालन
अल्मोड़ा। पूर्व में यह अस्पताल सात कमरों में संचालित होता था। किराये को लेकर उपजे विवाद के बाद जब अस्पताल के ताले खुले तो अब इसका चार कमरों में संचालन का निर्णय लिया गया है। शेष तीन कमरे स्वास्थ्य विभाग ने छोड़े हैं जिन पर भवन स्वामी ने ताले लगाए हैं। अब स्वास्थ्य विभाग चार कमरों के किराये का ही भुगतान भवन स्वामी को करेगा।
कनारीछीना अस्पताल को लेकर उपजा विवाद सुलझ गया है। भवन स्वामी को बकाया किराया दे दिया है। अब उन्हें सर्किल रेट के हिसाब से किराये का भुगतान किया जाएगा। चार कमरों में अस्पताल का संचालन होगा।- डॉ. आरसी पंत, सीएमओ, अल्मोड़ा।