एसएसजे परिसर में कार्याशाला में मौजूद विशेषज्ञ और विद्यार्थी। संवाद
अल्मोड़ा। योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र की ओर से एसएसजे परिसर के योग विज्ञान विभाग में प्राकृतिक चिकित्सा एवं चिकित्सकीय उपचार विषय पर सात दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ हुआ। इस दौरान विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को प्राकृतिक चिकित्सा का महत्व बताया। कहा कि प्राकृतिक चिकित्सा से हड्डी, पेट संबंधी कई रोगों का उपचार संभव है।
प्राकृतिक चिकित्सा विशेषज्ञ गिरीश अधिकारी ने रंग चिकित्सा के तहत पानी और तेल से भरी हुई कांच की रंगीन बोतल तैयार करने का प्रशिक्षण दिया। विभागाध्यक्ष डॉ. नवीन भट्ट ने बताया कि योग विज्ञान विभाग का प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र पिछले तीन वर्षों से अहम भूमिका निभा रहा है। उन्होंने बताया कि प्राकृतिक चिकित्सा से शरीर के जटिल रोगों को दूर किया जा सकता है। योग शिक्षक रजनीश जोशी ने प्राकृतिक चिकित्सा के पंचतत्वों के बारे में बताया। इस दौरान योग शिक्षक लल्लन कुमार, विद्या नेगी, हेमलता अवस्थी, नितिन पांडे, सूरज बिष्ट, अजय सिराड़ी आदि रहे।