कांडा को अलग ब्लॉक का दर्जा देने की मांग जोर पकड़ने लगी है। कांडा-कमस्यार पृथक ब्लॉक संघर्ष समित
कांडा/बागेश्वर। कांडा को अलग ब्लॉक का दर्जा देने की मांग जोर पकड़ने लगी है। कांडा-कमस्यार पृथक ब्लॉक संघर्ष समिति ने बैठक कर भविष्य की रणनीति पर मंथन किया। तय हुआ कि सरकार से मांग मनवाने के लिए तहसील स्तर से लेकर प्रदेश स्तर तक आंदोलन किया जाएगा।
रविवार को जिला पंचायत के डाक बंगले में समिति के अध्यक्ष गोविंद सिंह भंडारी की अध्यक्षता में बैठक हुई। भंडारी ने कहा कि योजना आयोग ने 1953-54 में ही कांडा ब्लॉक का सृजन कर दिया था। तब कांडा तक मोटर मार्ग नहीं होने से ब्लॉक कार्यालय का अस्थायी संचालन कठायतबाड़ा में किया गया और आश्वासन दिया गया था कि सड़क बनने के बाद कांडा में स्थायी संचालन किया जाएगा। बावजूद इसके आज तक स्थायी संचालन नहीं हो सका जबकि कठायतबाड़ा अब नगर पालिका बागेश्वर का हिस्सा हो गया है। उन्होंने कहा कि बागेश्वर ब्लॉक में 182 ग्राम पंचायतें हैं। विकास के लिए छोटी इकाइयों का होना जरूरी है।
सचिव सुरेश रावत ने कहा कि कांडा के लोगों को ब्लॉक के कार्य के लिए 50 से 70 किमी की दूरी तय करनी पड़ती है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने जल्द ही उनकी मांग नहीं मानी तो आंदोलन ही एकमात्र विकल्प होगा। बैठक में जिपं सदस्य गोपा धपोला, पूजा आर्या, पूर्व विधायक उमेद सिंह माजिला, विरेंद्र नगरकोटी, केवलानंद पांडेय, हरीश पंत, अशोक जोशी, आरएस भंडारी, ज्योति देवी आदि थे।