अल्मोड़ा। सिविल जज सीनियर डिवीजन (न्यायिक मजिस्ट्रेट) रवींद्र देव मित्र की अदालत ने मल्टीपल प्रोड्यूसर कंपनी में निवेश कराने के आरोपी को दोषमुक्त करार दिया। अदालत ने सभी पक्षों, गवाहों को सुनने और साक्ष्यों का परिशीलन करने के बाद यह निर्णय लिया। मामले के अनुसार, वर्ष 2019 में रौला डीनापानी निवासी प्रमोद सिंह मेहता ने सोमेश्वर थाने में तहरीर दी। कहा कि अभय श्रीवास्तव मल्टीपल प्रोड्यूसर कंपनी का निदेशक था। आधार मल्टीपल प्रोड्यूसर कंपनी के डीनापानी कफड़खान अल्मोड़ा में उनका एक एडवाइजर भी था। उसने अपने परिचितों से धनराशि एकत्रित कर लगभग छह लाख रुपये का कंपनी में निवेश कराया। आधार मल्टीपल प्रोड्यूसर कंपनी का कार्यालय बंद हो गया। इसकी जानकारी नहीं दी गई। उन्होंने कंपनी के डायरेक्टरों से संपर्क करने की कोशिश की तो संपर्क नहीं हो सका। तहरीर के आधार पर सोमेश्वर थाने में अभय श्रीवास्तव के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 406 और 420 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। मामले की विवेचना के बाद आरोपी के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया गया। तब से यह मामला न्यायालय में चल रहा था। इस पर बुधवार को फैसला आया। सिविल जज सीनियर डिवीजन न्यायिक मजिस्ट्रेट रवींद्र देव मित्र की अदालत ने सभी पक्षों, गवाहों को सुनने और साक्ष्यों का परिशीलन करने के बाद आरोपी को दोषमुक्त किया।