अल्मोड़ा। असम राइफल के एक पूर्व सैनिक ने डीएम के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर सेवाकाल में उसके साथ हुई नाइंसाफी के अलावा पेंशन और आर्थिक सहायता नहीं दिए जाने की शिकायत की है। उन्होंने राष्ट्रपति से पूरे मामले पर शासन प्रशासन को अपनी ओर से कार्रवाई के निर्देश देने की मांग की है। रानीखेत तहसील के पलढोना गांव निवासी मदन सिंह पिनारी ने राष्ट्रपति को भेजे गए ज्ञापन में बताया कि भारतीय अर्ध सैनिक बल में उन्होंने 16 साल तक नौकरी की लेकिन 1981 में उन्हें अकारण बर्खास्त करने के साथ सात माह तक मणिपुर की जेल में बंद कर दिया। साथियों की मदद से वह घर पहुंचे। उन्होंने बताया कि तब से लेकर आज तक वह अपने अधिकारों के लिए लड़ रहे हैं लेकिन कहीं से न्याय नहीं मिल रहा है।