मंगलवार को दिन में तेज धूप होने और हवा की रफ्तार कम होने से ठंड से थोड़ी राहत मिली थी लेकिन बुधवार शाम से फिर से उत्तर पश्चिमी हवायें 10 से 12 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने लगी है। जिसकी वजह से गलन बढ़ गई है। गुरुवार की सुबह भी ऐसा ही मौसम रहा। पछुआ हवाओं के चलने के साथ ही कोहरा भी घना छाया रहा। जिस तरह कोहरा छाया है,उसके हिसाब से 10 बजे के पहले धूप के भी आसार नहीं दिख रहे है। मौसम वैज्ञानिक एसएन पांडेय ने बताया कि पहाड़ों पर बर्फबारी की वजह से ही अभी गलन बरकरार है। अभी आने
वाले तीन चार दिनों तक ऐसे ही मौसम बने रहने की संभावना है। कोहरा अधिक छाने के आसार है।