सावन में विकास परियोजनाओं की सौगात देने आए काशी के सांसद और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनकल्याणकारी योजना के लाभार्थियों से सीधा संवाद किया। जिस कमरे में लाभार्थी बैठे थे, उसमें घुसते हुए प्रधानमंत्री ने हाथ जोड़े और फिर बनारसी अंदाज में बोले- का हाल बा.. कैसन हउवा आप लोग, कोई दिक्कत त ना ह..!
प्रधानमंत्री का निराला अंदाज देख सभी लाभार्थी गदगद हो गए। प्रधानमंत्री से संवाद करके निकले लाभार्थी शिवजतन ने कहा कि प्रधानमंत्री ने हाल पूछा तो खुशी का ठिकाना नहीं रहा। हमने भी कहा सब आपका आशीर्वाद है। जब आप हैं तो कोई समस्या कैसे हो सकती है।
इसके बाद प्रधानमंत्री ने एक-एक करके सबका परिचय पूछा और उनके परिवार के बारे में जानकारी ली। लाभार्थियों ने सब कुछ ठीक बताया और उनका आभार व्यक्त किया। अपने संसदीय क्षेत्र में योजनाओं का फीडबैक अच्छा मिलने से प्रधानमंत्री गदगद दिखे। हंसते हुए कमरे से बाहर आए और जनसभा को संबोधित किया। प्रधानमंत्री के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी लाभार्थियों से मिले और सबको बधाई दी।
साहेब..! तू त हमनी खातिर महादेव बन गईला
चेहरे पर मुस्कान, आंखों में खुशी के आंसू... हाथ जोड़े हरे रंग की साड़ी पहने मुन्नी प्रधानमंत्री से कहती हैं साहेब..! तू त हमनी खातिर महादेव बन गईला। यह सुनते ही प्रधानमंत्री ने हाथ जोड़ा और मुन्नी को पीएम स्वनिधि योजना के तहत 50 हजार रुपये का चेक भेंट किया। प्रधानमंत्री के हाथों चेक पाने के बाद मुन्नी देवी की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। वह प्रधानमंत्री से और बात करना चाह रही थीं, लेकिन समय कम पड़ गया।
मुन्नी देवी दशाश्वमेध घाट के पास चितरंजन पार्क के सामने पटरी पर प्रसाद बेचती हैं। मुन्नी ने कहा कि स्वनिधि योजना से उसे और उसके परिवार को जो सहारा मिला है, उसे कोई नहीं दे सकता था।
पीएम ने पार्षद से पूछा- कितना मिलता है मानदेय
पीएम मोदी ने बरेका गेस्ट हाउस में कार्यकर्ताओं की नब्ज टटोली। कुछ व्यक्तिगत सवाल पूछे तो कुछ पार्टी से जुड़े। उन्होंने कार्यकर्ताओं के साथ हुई टिफिन बैठक में खिचड़ी और नेनुआ की सब्जी खाई। प्रधानमंत्री के साथ टेबल पर चार कार्यकर्ता भी थे। प्रधानमंत्री ने सभी से बारी-बारी उनके कार्यक्षेत्र के साथ ही उनके क्षेत्र के बारे में भी जानकारी ली।
पीएम ने भाजपा पदाधिकारी, कार्यकर्ता व जनप्रतिनिधियों को लोकसभा चुनाव में जीत का मंत्र दिया। प्रधानमंत्री ने कहा कि जिन बूथों पर कम वोट मिले थे, वहां कार्यकर्ता व पार्षद जरूर जाएं। केंद्र व राज्य सरकार की उपलब्धियां बताकर जनता से समर्थन मांगना है। प्रधानमंत्री ने मेरा बूथ सबसे मजबूत का मंत्र भी दिया। टिफिन बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी शामिल रहे।