प्रयागराज के करछना थाना क्षेत्र के रामपुर उपरहार गांव निवासी मजदूर बजरंगी यादव का 10 वर्षीय पुत्र शुभम की बीते सोमवार को करंट की चपेट में आने से मौत हो गई। खेलने के दौरान बिजली के खंभे में लगे स्टे तार को छूने से वह करंट की चपेट में आ गया था। अस्पताल में पोस्टमार्टम के बाद शव घर ले जाने के लिए एंबुलेंस नहीं मिली। कहीं और से भी कोई मदद नहीं मिली।
इसके बाद बजरंगी और उसकी पत्नी सविता बेटे का शव कंधे पर रख 20 किमी से अधिक दूरी पैदल तय कर अपने गांव तक गए। शव घर लाकर लोगों ने बिजली विभाग के खिलाफ हंगामा किया। इस मामले में बिजली विभाग के खिलाफ थाने में तहरीर भी दी गई।
इसी बीच कंधे पर बेटे का शव ले जाने का वीडियो वायरल हुआ तो प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया। शुक्रवार को प्रकरण की जांच के बीच बिजली विभाग के चार अधिकारियों पर गाज गिर गई। पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम की ओर से मृतक के परिजनों को पांच लाख रुपये मुआवजे की घोषणा भी की गई है। मुआवजे की राशि।ईआरपी के जरिए भेजी जाएगी।