बीएचयू में शुक्रवार से दो दिनों तक खेती-किसानी में उभरते स्कोप पर भी बातें होंगी। अर्थशास्त्र विभाग में टेक्नो फ्रेंडली और इको फ्रेंडली खेती और कृषि में आने वाले रिस्क को बताया जाएगा। इसे कम करने के साथ ही उत्पादकता बढ़ाने के टिप्स भी दिए जाएंगे। भारतीय अर्थव्यवस्था में कृषि और संबद्ध गतिविधियों की समस्याओं और परेशानियों पर के साथ ही विकसित भारत 2047 के लिए बेहतर तकनीक और जैविक तरीकों पर भी संवाद किया जाएगा। इसमें भारत में कृषि नीति के ऐतिहासिक, राजनीतिक और आर्थिक आयामों पर गहन अध्ययन और विश्लेषण होगा। इसमें जलवायु परिवर्तन की समस्या को कम करने के लिए होने वाली किफायती खेती के भी कई राह सुझाए जाएंगे। ये कार्यक्रम बीएचयू के सामाजिक विज्ञान संकाय की ओर से कराया जा रहा है और इसमें कुलपति मुख्य अतिथि होंगे।