गंगा में बढ़ाव के चलते उसकी सहायक नदी वरुणा में पलट प्रवाह तेज हो गया जिसके कारण तटवर्ती इलाकों में रहने वाले सहमे हुए हैं। निचले इलाके प्रथम तल पर पानी घुसने के कारण आबादी का पलायन शनिवार से शुरू हो गया है और रविवार को भी लोग सुरक्षित स्थान पर जाते रहे।
कई परिवार गृहस्थी के सामान सहित मकान के ऊपरी तल पर खुद को सुरक्षित करने की कवायद करते हुए नजर आए। हुकुलगंज, बघवानाला, नक्खीघाट, तालीम नगर, अंसार नगर, मीरा घाट, नई बस्ती, पुलकोहना, शक्कर तालाब, अमरपुर, मड़िया सहित आसपास के निचले इलाकों में रहने वाले लोग प्रभावित हुए हैं।
नक्खी घाट निवासी अनिता देवी, अमित कुमार, सुक्खु, दिलीप, किट्टू सहित दर्जनों लोगों के मकान में बाढ़ का पानी घुस चुका है। सामनेघाट इलाका बाढ़ ग्रस्त रहा है और बढ़ते जलस्तर को देखते हुए वहां की आबादी ने सामानों की पैकिंग करने के साथ ही दूसरे मंजिल पर शिफ्ट हो रहे हैं। एक मंजिला मकान वाले छतों पर परिवार व साजो-सामान को सुरक्षित करने में लगे रहे।