दरअसल, इलेक्ट्रॉनिक चिप का उत्पादन भारत में नहीं होता है। इसे यूरोप के अलग-अलग देशों से मंगाया जाता है। जो कंपनियां इलेक्ट्रॉनिक चिप की आपूर्ति करती हैं, उनके संचालकों ने हाथ खड़े कर दिए हैं। सब कह रहे हैं कि चिप नहीं मिल पा रहा। इसकी मुख्य वजह रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध को बता रहे हैं। दोनों देशों के बीच एक वर्ष से ज्यादा समय से युद्ध चल रहा है। युद्ध और लंबा खिंचा तो संकट गहराएगा। इलेक्ट्रॉनिक चिप की आपूर्ति और प्रभावित होगी।
बरेका के उपमहाप्रबंधक विजय ने कहा कि इलेक्ट्रॉनिक चिप न मिलने से दिक्कत हुई है। इस वित्तीय वर्ष के लक्ष्य का असर अगले वर्ष के उत्पादन पर न पड़े, इसके प्रयास किए जा रहे हैं। कंपनियों से संपर्क करके जल्द ही चिप मंगवाए जाएंगे।