नरिया स्थित प्राथमिक विद्यालय के पास मकान के अंदर मां और बेटी हत्याकांड की गुत्थी काफी हद तक पुलिस ने सुलझा ली है। पुलिस की तफ्तीश में यह सामने आया कि मां और बेटी की सिर कूंचकर हत्या की गई। पहले मां को मौत के घाट उतारा गया। शुक्रवार को पुलिस आयुक्त ए सतीश गणेश ने घटनास्थल का घंटे भर से अधिक निरीक्षण किया।
कमरे से खून लगी हथौड़ी, रॉड और ब्लेड के साथ ही बाल को कब्जे में लेकर फोरेंसिक लैब भेजा गया। आशंका जताई गई कि हथौड़ी और रॉड से वार कर हत्या की गई। मां और बेटी के शव का हरिश्चंद्र घाट पर अंतिम संस्कार हुआ। मुखाग्नि छोटे बेटे अंजनी ने दी। घटना में संदिग्ध छह लोगों से पुलिस चितईपुर थाने में पूछताछ कर रही है।
लंका थाना अंतर्गत नरिया स्थित प्राथमिक विद्यालय के पास मकान के अंदर बुधवार को मां सुनीता पांडेय (55) व बेटी दीपिका (28) का शव मिला था। 10 से 11 दिन पुराने शव से दुर्गंध उठने पर लोगों ने पुलिस को सूचना दी थी। संपत्ति विवाद सहित अन्य कई बिंदुओं पर पुलिस काम कर रही है। दोपहर में घटनास्थल पर क्राइम ब्रांच और सर्विलांस टीम के साथ पहुंचे पुलिस आयुक्त ए सतीण गणेश ने मकान के अंदर और बाहरी परिसर का निरीक्षण किया। गलियों में पैदल घूमकर आसपास लोगों से पूछताछ की। बगल वाले छत से घटना की बारीकी से जांच की।
बेटी की गलियारे में की गई हत्या
लंका पुलिस के अनुसार बेटी को बेड से खींचकर गलियारे में मारा गया, क्योंकि दीपिका ने बेड शीट हाथ में पकड़ी थी, जो बेड से लगा था। घटना स्थल के समीप लगे दो सीसी कैमरों की फुटेज निकाली गई। पुलिस की तफ्तीश में सामने आया कि हमलावर पिछले दरवाजे से घर में घुसे थे।
72 घंटे बाद भी नहीं पहुंचा बड़ा बेटा
मां और इकलौती बहन की हत्या की सूचना पर भी बड़ा बेटा अखिलेश पांडेय नई दिल्ली से घर नहीं पहुंचा। बृहस्पतिवार की रात में संकट मोचन चौकी प्रभारी ने फोन किया तो बेटे ने अपना लोकेशन दिल्ली बताया, देर रात दो बजे बेटे का लोकेशन जांचने पर कन्नौज में मिला। इसके बाद से उसका मोबाइल भी बंद हो गया। पुलिस कर्मियों के अनुसार बड़े बेटे की पत्नी फोन पर पहले दिन दाहसंस्कार के बारे में पूछ रही थी। लंका पुलिस के अनुसार पिछले नवंबर माह में छोटे भाई अंजनी का पुलिसकर्मियों से किसी बात पर विवाद हुआ था तो नई दिल्ली से विमान से तीन घंटे में बनारस आ गया था।