बाबा विश्वनाथ की नगरी काशी में अनलॉक के पहले मंगलवार को संकट मोचन मंदिर में हनुमान के चरणों में श्रद्धालुओं ने शीश नवाया। मंदिर प्रशासन द्वारा कोविड के नियमों के अनुसार मुख्य गेट से मास्क लगाए हुए पांच-पांच लोग को ही प्रवेश दिया जा रहा था। पांच लोग जब दर्शन करके निकास द्वार से निकल जाते थे, उसके बाद ही पांच अन्य लोगों को प्रवेश दिया जा रहा था। संकट मोचन मंदिर के महंत प्रो. विश्वंभर नाथ मिश्र ने बताया कि कोरोना के संक्रमण को देखते हुए मंदिर में कोरोना के नियमों को पूरी तरह से पालन कराया जा रहा है। दर्शनार्थियों को किसी तरह से परेशानी न हो यह मंदिर की प्राथमिकता है। उन्होंने मंदिर में दर्शन पूजन करने वालों को कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते रहने के लिए प्रेरित किया।