वाराणसी। रामनगर कस्बे के रामपुर वार्ड निवासी बैंक कर्मी विपिन कुमार उपाध्याय 19 लाख रुपये की ऑनलाइन जालसाजी के शिकार हो गए। रामनगर थाने की पुलिस मुकदमा दर्ज कर प्रकरण की जांच कर रही है। विपिन उपाध्याय के अनुसार वह रवींद्रपुरी स्थित एक बैंक में हेड कैशियर के तौर पर कार्यरत हैं। उन्होंने एक इंश्योरेंस कंपनी से वर्ष 2017 में एक पालिसी खरीदी थी। पालिसी के लिए वह 82,190 रुपये सालाना किश्त जमा करते हैं। बीती 29 जुलाई को विपिन के मोबाइल पर फोन आया। कहा गया कि उनकी पालिसी के तहत उन्हें कुछ छूट मिल सकती है। जिसके तहत उनको एक किश्त देने के बाद छह लाख रुपये वापस मिलेंगे। इस पर उन्होंने फोन करने वाले के बताए गए खाते में 82,190 रुपये जमा किए। इसके बाद उनसे जीएसटी एकाउंट वेरिफिकेशन व अन्य सेवाओं के नाम पर 12 बार में उन्नीस लाख एक हजार रुपये जमा कराए गए। इस संबंध में पूछने पर तथाकथित कंपनी के कर्मचारियों ने रुपये पालिसी खाते में ही जमा होने की बात बतायी। फोन करने वाले ने आखिरी बार तीन सितंबर को 60 हजार रुपये जमा कराया। विपिन कुमार ने बताया कि उनसे पांच अलग-अलग खातों में रुपये जमा कराए गए। बार-बार रुपये मांगने पर विपिन को शंका हुई। इंश्योरेंस कंपनी से संपर्क करने पर उन लोगों ने किसी भी प्रकार के ऑफर और रुपये वापसी की बात से इनकार कर दिया। विपिन ने एसपी क्राइम से मिलकर अपने साथ हुई धोखाधड़ी की बात बतायी। एसपी क्राइम के निर्देश पर रामनगर थाने की पुलिस मुकदमा दर्ज कर आरोपियों का पता लगा रही है।