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कोहरे ने थामी फ्लाइट की उड़ान: पांच दिन में 64 उड़ानें निरस्त, 11 हजार से ज्यादा यात्री प्रभावित

Tue, 05 Dec 2023 11:17 AM IST
किरन रौतेला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी

सार

बाबतपुर एयरपोर्ट पर 30 नवंबर को कोहरे के कारण 12, एक नवंबर को 16, दो नवंबर को 18 और तीन नवंबर को 12 उड़ानें निरस्त रहीं। एयरपोर्ट से प्रतिदिन लगभग 56 से 60 विमानों से औसतन आठ से दस हजार यात्रियों का आवागमन होता है।
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एयरपोर्ट पर घना कोहरा
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विस्तार
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कोहरे के कारण सोमवार को लालबहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से आने-जाने वाली 6 उड़ानें निरस्त रहीं। इनमें लखनऊ, कोलकाता, चेन्नई की विमान सेवाएं शामिल हैं। बीते पांच दिनों में आने और जाने वाली कुल 64 उड़ानें निरस्त हुईं हैं। विमानों के निरस्त होने के कारण एयरपोर्ट से यात्रा करने वाले 40 हजार से अधिक यात्री प्रभावित हुए हैं।

बाबतपुर एयरपोर्ट पर 30 नवंबर को कोहरे के कारण 12, एक नवंबर को 16, दो नवंबर को 18 और तीन नवंबर को 12 उड़ानें निरस्त रहीं। एयरपोर्ट से प्रतिदिन लगभग 56 से 60 विमानों से औसतन आठ से दस हजार यात्रियों का आवागमन होता है। वर्तमान में यहां से दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई, लखनऊ, पुणे, हैदराबाद, भुनेश्वर, खजुराहो, अहमदाबाद, बंगलूरू की घरेलू और शारजाह, नेपाल की अंतरराष्ट्रीय विमान सेवाएं हैं। इसमें इंडिगो, अकासा, स्पाइजेट, एयर इंडिया एक्सप्रेस, विस्तारा, एयर इंडिया, बुद्धा एयर विमान का संचालन कर रहे हैं।

कैटेगरी वन इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम में 900 मीटर की होती है विजिबिलिटी

वाराणसी एयरपोर्ट पर वर्तमान में कैटेगरी वन का इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम है। इसमें 900 मीटर की विजिबिलिटी पर विमान की लैंड कराया जा सकता है। वहीं दिल्ली और मुंबई के साथ अन्य शहरों में कैटेगरी 3 का इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम है। वहां पर 50 मीटर की विजिबिलिटी में भी विमान की लैंडिंग कराई जा सकती है। एयरपोर्ट निदेशक पुनीत गुप्ता ने बताया कि कैटेगरी-3 के इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम में विमान को लैंड कराने के लिए कई अत्याधुनिक सुविधाएं होतीं है। इसमें ज्यादा लाइटिंग और एडवांस सर्फेस मूवमेंट रडार लगा होता है। इससे कम विजिबिलिटी में विमान को लैंड कराने का प्रशिक्षण लेने वाले पायलट विमान को लैंड करा सकते हैं। उन्होंने बताया कि अभी रनवे पर जगह कम होने से कैटेगरी-3 का इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम नहीं लगाया गया है। एयरपोर्ट विस्तार के साथ सिस्टम लगाया जाएगा।

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