वाराणसी। वोट प्रतिशत बढ़ाने के लिए जद्दोजहद कर रहे काशी हिंदू विश्वविद्यालय के परिसर में रविवार को जगह-जगह चुनाव बहिष्कार के पोस्टर लगे देखकर गहमागहमी बढ़ गई। दो स्थानों पर पोस्टर लगाए गए और एक जगह वॉल राइटिंग के जरिये छात्रसंघ बहाल करने की मांग की गई है। यह जानकारी मिलने के बाद प्रॉक्टोरियल बोर्ड प्रकरण की छानबीन में जुट गया। पोस्टर चस्पा करने वालों की तलाश की जा रही है।
बीएचयू में छात्रसंघ चुनाव कराने के लिए लोकसभा चुनाव के बहिष्कार की गुपचुप चेतावनी दी गई है। रविवार को सुबह रसायन विज्ञान विभाग के बगल में स्थित कैंटीन के गेट पर और रुइया संस्कृत छात्रावास के सामने कला संकाय के भवन पर पोस्टर चिपका दिया गया। पोस्टरों पर ‘बीएचयू में छात्रसंघ चुनाव क्यों नहीं, बीएचयू बॉयकॉट लोकसभा चुनाव-2024’ और ‘छात्रसंघ की बात नहीं तो हम आपके साथ नहीं’ लिखा था। इसके अलावा भूगोल विभाग के समीप दीवार पर ‘छात्रसंघ बहाल करो’ लिखा था। जगह-जगह पोस्टर देखकर कैंपस में हलचल मच गई। लोग खड़े होकर पोस्टर पढ़ने लगे। जानकारी मिलने के बाद विश्वविद्यालय प्रॉक्टोरियल बोर्ड की टीम ने प्रकरण की जांच शुरू कर दी है। चीफ प्रॉक्टर प्रो. एसपी सिंह ने कहा कि दो स्थानों पर पोस्टर और एक जगह वाॅल राइटिंग की गई है। विश्वविद्यालय परिसर में ऐसा करना उचित नहीं है। विश्वविद्यालय मतदाता जागरूकता के लिए प्रयास कर रहा है। अगर किसी को छात्रसंघ चुनाव की मांग करनी है तो उसके लिए दूसरे तरीके और मंच हो सकते हैं। यह राजनीतिक मकसद से किया गया कृत्य लगता है। कैंपस में पोस्टर चिपकाने वालों का पता लगाया जा रहा है।