काशी विश्वनाथ धाम के नए स्वरूप के बाद पहली बार होने वाले देव दीपावली पर श्री काशी विश्वनाथ धाम के गंगा द्वार से लेजर शो के प्रोजेक्शन की तैयारी की जा रही है। हर बार राजा चेत सिंह किला के पास लेजर शो होता था। दीपों के अलावा घाटों पर फसाड लाइट भी लगाई जाएंगी। घाटों और शहर के इलेक्ट्रिक पोल पर स्पाइरल लाइट लगाने की तैयारी है।
एससीओ के लिए भी की जा रही है तैयारी
शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के विदेशी मेहमान भी काशी की आतिथ्य परंपरा से रूबरू होंगे। इसके लिए भी देव दीपावली के साथ ही तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। देव दीपावली पर भी एससीओ का प्रतिनिधिमंडल यहां आएगा। मेहमानों के आगमन पर स्कूली बच्चे उनका स्वागत करेंगे। सरकार की मंशा है कि मेहमान जब काशी पधारें तो उन्हें अपनत्व का बोध हो, ताकि वो काशी की संस्कृति को समझ सकें।
वाराणसी में नौकायन (फाइल)
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नगर निगम की ओर से इस बार देव दीपावली पर गंगा नदी में बिना सीएनजी किट लगी नावों के संचालन पर प्रतिबंध रहेगा। गंगा को प्रदूषण मुक्त रखने के लिए उसमें चलने वाली सभी नावों में सीएनजी इंजन लगाने का कार्य विगत कई माह से चल रहा है। नगर अयुक्त प्रणय सिंह ने बताया कि नगर निगम कि इस बार देव दीपावली पर गंगा में जिन नाविकों ने अपने नावों में सीएनजी इंजन नहीं लगाया है, ऐसे सभी नावों का संचालन पूर्ण रूप से प्रतिबंधित होगा।
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जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने कहा कि शहर को संवारने की कार्ययोजना पर काम शुरू कराया गया है। शासन से भी देव दीपावली के लिए बजट मांगा गया है। आगामी 15 से 20 दिन में शहर को संवारने का अभियान चलाएंगे। सभी नागरिक से भी अपील है कि वे साफ सफाई व शहर को सुंदर बनाने में भूमिका निभाएं।