अगले साल यूपी में होने वाले विधानसभा चुनाव में वैश्य समाज अपने प्रत्याशी खड़ा करेगा। रविवार को यहां अखिल भारतीय वैश्य महासम्मेलन में व्यापारी नेता बनवारी लाल कंछल ने यह एलान किया। आस भैरव स्थित अग्रवाल धर्मशाला में आयोजित सम्मेलन में तय किया गया कि वैश्य समाज विधान सभा चुनाव के दौरान अपनी सशक्त दावेदारी पेश करेगा। इसके लिए समाज से जुड़े लोगों को चुनाव की तैयारियों में जुटने को कहा गया। तय हुआ कि सितंबर में काशी से चुनावी अभियान का बिगुल फूंका जाएगा। इसके लिए चेतना यात्रा निकाली जाएगी और मंडल स्तर पर कार्यकर्ता सम्मेलन आयोजित होंगे।
व्यापारी नेता बनवारी लाल कंछल ने कहा कि प्रदेश की विधानसभा में हमारी स्थिति अभी मजबूत नहीं है। वैश्य समाज से जुड़े 18 लोग ही विधानसभा में हमारे प्रतिनिधि हैं। जबकि हमारे दम पर ही प्रदेश की राजनीति चल रही है। उद्योगपति व संरक्षक आरके चौधरी ने कहा कि आंदोलन हो या विकास की बात शिक्षा, चिकित्सा, प्रशासन उद्योग व्यापार आदि हर क्षेत्र में वैश्य समाज का सराहनीय योगदान है। महासम्मेलन के अध्यक्ष व प्रदेश सरकार के पूर्व राज्यमंत्री नटवर गोयल ने कहा कि हमारी संख्या पूरे प्रदेश में दो करोड़ से ऊपर है। इस ताकत को एक सूत्र में पिरोकर दिखाना होगा। बूथ स्तर पर हमें मजबूत होना होगा।
इसके लिए हमें आपसी वर्ग की लड़ाई से ऊपर उठना होगा। राजनीतिक दल भी हमारी कीमत तभी समझेंगे।
बैठक को महानगर अध्यक्ष संदीप अग्रवाल, विनोद सेठ, प्रदीप अग्रहरि, सीताराम केशरी, राजकुमार जायसवाल, राज्य महिला आयोग सदस्य सुमन अग्रहरि सहित कई वैश्य नेताओं ने संबोधित किया। इस दौरान अरूण कुमार जायसवाल, विरेंद्र सेठ, शंकर साहू, अजीत सिंह, अजय गुप्ता, राजेश जायसवाल, अशोक सेठ, दीनानाथ गुप्ता, विजय गुप्ता, कैलाश अग्रहरि, अशोक कसेरा, डॉ. अनिल मित्रा, गोपाल जालान, डॉ. वीरेंद्र कुमारी केसरवानी, डॉ. एसके गुप्ता, गिरिजा गुप्ता, अशोक अग्रवाल, वीरेंद्र सोनी सहित कई लोग मौजूद रहे।