वर्चस्व की लड़ाई में गुरुवार की रात बीएचयू के लाल बहादुर शास्त्री (एलबीएस) और बिड़ला ‘अ’ छात्रावास के छात्र आमने-सामने हो गए। बिड़ला ‘अ’ के सामने पहुंचे एलबीएस के छात्र मारपीट के बाद पथराव शुरू कर दिए तो सामने से भी जवाबी कार्रवाई हुई। इसी दौरान दोनों हॉस्टल की बिजली गुल हो गई और लगभग एक घंटे तक गुरिल्ला युद्ध चला। सूचना पाकर पांच थानो की फोर्स और क्यूआरटी (क्विक रियेक्शन टीम) पहुंची। पुलिस ने एलबीएस से लेकर बिड़ला ‘स’ तक घूमकर छात्रों से कमरे में जाने की अपील की। चेताया कि उपद्रव हुआ तो तत्काल हॉस्टल खाली कराया जाएगा जिसके बाद सभी माने। घटना के पीछे छेड़खानी, गुटबाजी और छात्रों द्वारा एक-दूसरे की शिकायत भी अहम वजह बताई गई है। पथराव में छह छात्र घायल हुए जिन्हें ट्रामा सेंटर ले जाया गया।
बिड़ला ‘अ’ और एलबीएस हॉस्टल में कला संकाय के छात्र रहते हैं। दोनों हॉस्टल के छात्रों के बीच छिटपुट बातों को लेकर आए दिन झड़प की बात सामने आती रहती है। बताया जाता है कि तीन दिन पहले भी विवाद हुआ था जिसके बाद एक-दूसरे को देख लेन की धमकी दी गई थी। गुरुवार की रात खाना खाने के बाद छात्र अपने कमरों में थे। रात 10:15 बजे के लगभग एलबीएस के छात्रोें का हुजूम बिड़ला ‘अ’ गेट के पास आया। वहां मौजूद कुछ छात्रों की एलबीएस के छात्रों ने पिटाई कर दी। साथ ही ललकारते हुए पथराव करने लगे।
जवाबी कार्रवाई में बिड़ला ‘अ’ के छात्रों ने भी पथराव किया और तब तक हॉस्टल की बिजली गुल हो गई। जिसके बाद 11:15 बजे तक जमकर पथराव, नारेबाजी और गालीगलौज हुआ। इस दौरान हॉस्टल की खिड़कियाें के शीशे, छात्रों की कई साइकिल और बाइक क्षतिग्रस्त हो गई। हॉस्टल रोड से गुजरने वाले राहगीरों को भागकर अपनी जान बचानी पड़ी। सूचना मिलने पर एडीएम सिटी विंध्यवासिनी राय और एसपी सिटी सुधाकर यादव मौके पर पहुंचे। तनाव को देखते हुए लंका, मंडुवाडीह, भेलूपुर, सिगरा, दशाश्वमेध थाना की फोर्स के साथ ही क्यूआरटी और पीएसी के जवान रात भर बिड़ला हॉस्टल के पास जमे रहे।