सैयदराजा विधानसभा क्षेत्र से बसपा प्रत्याशी पूर्व एमएलसी विनीत सिंह को नामांकन के लिए शुक्रवार की रात रांची से वाराणसी जिला जेल में शिफ्ट कर दिया गया। विनीत के विरुद्ध हत्या, हत्या का प्रयास, रंगदारी, अपहरण सहित कई अन्य गंभीर मामले दर्ज हैं।
रांची पुलिस अधीक्षक की ओर से विनीत को सेंट्रल जेल में शिफ्ट करने के लिए पत्र भेजा गया था। लेकिन, सेंट्रल जेल प्रशासन ने विनीत के विरोधी खेमे के एमएलसी बृजेश सिंह के वहां निरुद्ध होने का हवाला देकर मना कर दिया।
इसके बाद विनीत को जिला कारागार लाया गया। नामांकन के बाद विनीत को 18 फरवरी की सुबह वापस रांची केंद्रीय कारागार ले जाया जाएगा। बीते साल सीएम अखिलेश यादव का विवादित पोस्टर फेसबुक पर वायरल होने के मामले में भी चोलापुर के गोला निवासी पूर्व एमएलसी श्याम नरायन उर्फ विनीत सिंह का नाम सुर्खियों में आया था।
उसके कुछ ही दिनों बाद एक पुराने मामले में जमानत तुड़वाकर विनीत ने रांची की कोर्ट में सरेंडर कर दिया था। रांची सेंट्रल जेल में निरुद्ध विनीत को बसपा ने सैयदराजा सीट से प्रत्याशी घोषित किया है।
विनीत ने नामांकन के लिए कोर्ट से अनुमति प्राप्त की है। चूंकि चंदौली में जेल नहीं है इसलिए रांची के पुलिस अधीक्षक ने वाराणसी सेंट्रल जेल में शिफ्ट करने का फैक्स शुक्रवार की दोपहर भेजा था। सेंट्रल जेल प्रशासन की इनकार के बाद देर रात विनीत को जिला जेल में शिफ्ट किया गया।
इस बारे में सेंट्रल जेल के वरिष्ठ अधीक्षक संजीव त्रिपाठी ने कहा कि विनीत के विरोधी गुट के एमएलसी बृजेश सिंह पहले से यहां निरुद्ध हैं। दूसरे, विनीत विचाराधीन बंदी है और कोर्ट की इजाजत के बिना ऐसे बंदियों को सेंट्रल जेल में नहीं रखा जा सकता। उधर, जिला कारागार के वरिष्ठ अधीक्षक डॉ. बीडी पांडेय ने बताया कि विनीत को कड़ी सुरक्षा निगरानी में रखा गया है।