भ्रष्टाचार के आरोप में जिला जेल में बंद एआरटीओ आरएस यादव की मुश्किलें मंगलवार को और बढ़ गईं। चंदौली के अलीनगर थाने में भ्रष्टाचार, लूट, धमकी और ट्रक के कागजात छीनने के मामले में आरएस को अपर जिला जज चतुर्थ मोहम्मद गुलाम उल मदार की अदालत में पेश किया गया।
अदालत ने 14 दिन की न्यायिक रिमांड बनाते हुए आरएस को जेल भेज दिया। साथ ही, चंदौली कोतवाली में उसके विरुद्ध दर्ज पहले के मुकदमे में धाराएं भी बढ़ा दीं। अब जल्द ही चंदौली पुलिस आरएस का बयान दर्ज कर सकती है।
चंदौली में हाईवे पर ट्रकों से अवैध वसूली का मामला पकड़े जाने के बाद एआरटीओ आरएस यादव, चालक शिव बहादुर और धनजी यादव के खिलाफ चंदौली कोतवाली में धारा 386, 120 बी और 7/13 के तहत मुकदमा दर्ज कराया गया था।
इस मामले में 14 दिन की न्यायिक हिरासत में एआरटीओ को जेल भेजे जाने के कुछ दिनों बाद ही अलीनगर थाने में उसके विरुद्ध एक और मुकदमा कायम हुआ। ट्रक मालिक और चालक की तहरीर पर दर्ज इस मुकदमे की छानबीन के बाद सोमवार को चंदौली के क्षेत्राधिकारी सदर त्रिपुरारी पांडेय और विवेचक प्रदीप सिंह चंदेल की तरफ से अदालत में प्रार्थना पत्र दिया गया था।
कहा गया था कि एआरटीओ आरएस यादव, धनजी यादव और शिव बहादुर के खिलाफ विवेचना में कई और तथ्य सामने आए हैं। इसके आधार पर उसके खिलाफ चंदौली कोतवाली में दर्ज मुकदमे की धाराओं में बढ़ोतरी करने का अनुरोध किया था।
अदालत ने प्रार्थना पत्र स्वीकार करते हुए आरोपियों को जेल से तलब किया था। मंगलवार को एआरटीओ की पेशी के दौरान सुनवाई करते हुए अदालत ने एक तरफ जहां अलीनगर मामले में 14 दिन की न्यायिक रिमांड बनाई वहीं, चंदौली में दर्ज मुकदमे में 392, 411 (लूट के माल की बरामदगी), भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 8/10 बढ़ाई।
एआरटीओ को दिन में करीब साढ़े ग्यारह बजे कचहरी परिसर लाया गया था। मामले के दो अन्य आरोपी शिवजी और धनजी की कोर्ट में पेशी बुधवार को होगी। डीजीसी अनिल सिंह के अनुसार चंदौली कोतवाली में दर्ज मुकदमे में अब आरएस की पेशी 24 जून को होगी जबकि अलीनगर मामले में अगली सुनवाई अब तीन जुलाई को होगी।