विरोध जताने पर गर्भपात कराने को कहा गया
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मिर्जापुर जिले के सीएचसी मड़िहान पर एक सप्ताह पूर्व एक निजी संस्था द्वारा लगाए गए नसबंदी कैंप में एक गर्भवती महिला की बगैर जांच किए ही नसंबदी कर दी गई। मामले की जानकारी लोगों को तब हुई जब नसबंदी के बाद महिला की हालत बिगड़ने पर उसे स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया।
आशंका होने पर डॉक्टर ने जांच कराया तो वह गर्भवती पाई गई। यह सुनते ही महिला के परिजन हैरान हो गए। इलाज करने को कहा तो डॉक्टर ने ऑपरेशन करने वाली टीम के पास भेजा। महिला नसबंदी करने वाली टीम के पास पहुंच कर इसके बारे में बताया तो टीम के सदस्यों ने उसको गर्भपात कराने की सलाह दे डाली।
यह सुनते ही महिला का पति नाराज हो गया। विरोध जताने पर निजी संस्था व महिला के पति के बीच मारपीट हो गई। जिससे क्षुब्ध होकर पीड़ित ने जिलाधिकारी से शिकायत कर कार्रवाई करने की बात कही।
मड़िहान थाना क्षेत्र के मड़िहान पहड़ी निवासिनी सविता पत्नी सत्यनारायण जनवरी महीने में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मड़िहान पर एक निजी संस्था द्वारा आयोजित किए गए नसबंदी कैंप में अपना नसंबदी कराने गई थी।
जहां महिला द्वारा बताए जाने के बावजूद टीम ने उसकी जांच नहीं कराई और उसकी नसंबदी कर दी थी। महिला के पति का कहना है कि घोर लापरवाही है। उसकी पत्नी की जान भी जा सकती है। इसलिए उनके विरुद्ध वह जिलाधिकारी के यहां शिकायत कर कार्रवाई की मांग करेगा ताकि दोबारा कोई इस तरह की गलती नहीं कर सके।