नगर निगम के स्टोर रूम में 29 दिसंबर की रात हुई क्लीनर विजय रावत की हत्या के मामले में पुलिस ने बुधवार की सुबह वसुंधरा कॉलोनी के पास से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। दोनों चोरी की नीयत से स्टोर रूम में घुसे थे। क्लीनर ने विरोध किया तो जैक और रॉड से सिर पर वार कर उसकी हत्या कर दी थी। इस मामले का खुलासा सीओ चेतगंज अनुराग आर्या ने बुधवार को पुलिस लाइन के संगोष्ठी सदन में प्रेस कांफ्रेंस कर किया।
उत्तराखंड के अल्मोड़ा जिले के भिन्यासेन थाना क्षेत्र के जसपुर निवासी हरीश रावत नगर निगम के स्टोर रूम में बतौर क्लीनर तैनात थे। 29 दिसंबर की रात पांडेयपुर के खजुरी निवासी मैजिक चालक वीरेंद्र पटेल अपने साले रिक्शा चालक वीरेंद्र हरिजन के साथ रिक्शे से सिगरा क्षेत्र में घूम रहा था। दोनों देर रात स्टोर रूम के पास पहुंचे। अंदर घुसने के बाद एक रूम में लगा ताला काटने लगे। उस रूम में बैटरी समेत अन्य सामान रखे थे। इसी दौरान हरीश की नींद खुल गई और उन्होंने शोर मचाना शुरू कर दिया। इस पर दोनों आरोपी हरीश के सिर पर जैक और रॉड से हमला कर दिया।
मौके पर ही हरीश की मौत हो गई। घटना के बाद दोनों जैक, रॉड, बैटरी आदि सामान लूटकर भाग निकले। गिरफ्तार करने वाली टीम में क्राइम ब्रांच के बृजेश सिंह, राजीव रंजन उपाध्याय, रामनरेश, राकेश कुमार, अतुल नारायण सिंह और ओम नारायण सिंह शामिल थे।