जेएनयू छात्रसंघ अध्यक्ष कन्हैया की गिरफ्तारी का मुद्दा लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में कहीं बीएचयू में भी एनएसयूआई, आईसा सहित अन्य संगठनों से जुड़े छात्र विरोध प्रदर्शन न करें। इसके मद्देनजर शनिवार की देर रात बीएचयू के हॉस्टलों में छह थानों की फोर्स के साथ पुलिस क्षेत्राधिकारियों ने तलाशी ली।
इस दौरान कुछ चिह्नित छात्र नेताओं को उठाए जाने का मामला सामने आया है। हालांकि इसकी पुष्टि पुलिस की ओर से नहीं की गई। जेएनयू में जारी गतिरोध के मद्देनजर एनएसयूआई, आईसा सहित अन्य संगठनोें से जुड़े और एबीवीपी से जुड़े छात्र दो गुट में बंटे हैं। एनएसयूआई और आईसा आदि संगठनों से जुड़े और एबीवीपी से जुड़े छात्रों के बीच इसे लेकर दो दिन पूर्व बीएचयू गेट के सामने नोकझोंक, झड़प और हाथापाई भी हुई थी।
मामले को लेकर एनएसयूआई और आईसा से जुड़े 39 को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। जिन्हें जमानत पर छोड़ दिया गया था। रविवार की रात पीएम के आने की पुष्टि होते ही शनिवार देर रात भारी-भरकम पुलिस बल ने बीएचयू परिसर के अलग-अलग छात्रावासों में तलाशी ली। पूर्व में विरोध प्रदर्शन के दौरान चिह्नित छात्रों की तस्दीक की गई और चेतावनी देकर उन्हें शांतिपूर्वक रहने के लिए कहा गया।
बताया जाता है कि इस दौरान कुछ छात्र नेताओं को पुलिस अपने साथ गुप्त स्थान पर ले गई है। लंका थानाध्यक्ष संजीव कुमार मिश्रा ने बताया कि रूटीन में चेकिंग की गई थी। पीएम आ रहे हैं, इसके मद्देनजर यह देखा गया कि कहीं कोई बाहरी तो हॉस्टलों में नहीं रह रहा है। किसी की भी गिरफ्तारी नहीं की गई है।