वाराणसी। तहसील सदर में नामांतरण प्रकरण में न्यायालय के चार साल पुराने आदेश का अब तक अनुपालन नहीं होने का मामला सामने आया है। अधिवक्ता नित्यानंद राय ने आरोप लगाया कि आराजी संख्या 15 व 16, मौजा जैतपुरा पर खादी ग्रामोद्योग आयोग ने न्यायालय को गुमराह कर नामांतरण कराया था। पुनर्स्थापना प्रार्थना पत्र पर सुनवाई के बाद तहसीलदार न्यायिक द्वितीय की अदालत ने 25 अप्रैल 2022 को उक्त नामांतरण आदेश निरस्त कर दिया था। आरोप है कि आदेश के बावजूद अभिलेखों से नाम नहीं हटाया गया और शिकायतों के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई। शुक्रवार को नित्यानंद राय ने मंडलायुक्त से शिकायत कर जिम्मेदार कर्मियों की जवाबदेही तय करने, कार्रवाई करने और न्यायालय के आदेश का तत्काल अनुपालन कराने की मांग की है। संवाद