चौक थाने के हिस्ट्रीशीटर ऋषभ सेठ (32) ने सोमवार की सुबह फंदा लगाकर जान दे दी। सूचना पाकर पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। साक्ष्य जुटाने के बाद उसके शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। पुलिस के मुताबिक, हिस्ट्रीशीटर ने
घरेलू कलह से परेशान होकर जान दी है।
चौक थाना क्षेत्र के कर्णघंटा काशीपुरा निवासी द्वारिका सेठ का चार मंजिला मकान है। मकान के चौथे मंजिल के कमरे में उनका बेटा ऋषभ सेठ (32) रहता था। वह सुबह देर तक नहीं दिखा तो परिजन परेशान हो गए। ऊपर जाकर खिड़की से देखा तो ऋषभ
पंखे की कुंडी के सहारे रस्सी के फंदे से लटका था। पिता द्वारिका सेठ ने मामले की सूचना चौक पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने छानबीन की है। इंस्पेक्टर शिवाकांत ने बताया कि पांच सितंबर 2019 से ही ऋषभ चौक थाने का हिस्ट्रीशीटर था। उसके खिलाफ विभिन्न थानों में दस मुकदमे दर्ज हैं। परिजनों से पूछताछ में पता चला कि ऋषभ ने 2018 में प्रेम विवाह किया था। दोनों की कोई संतान नहीं है। इधर, कुछ दिनों से पति और पत्नी के बीच विवाद चल रहा था और वह कर्ज में भी था। पारिवारिक कलह से ऊबकर ही हिस्ट्रीशीटर ने घातक कदम उठाया है।