काशी नागरिक समाज की ओर से मार्गशीर्ष पूर्णिमा पर वैष्णव नगर भरलाई में दत्तात्रेय जयंती मनाई गई। मुख्य अतिथि मॉरीशस से आई डॉ. हुशिला रिसौल ने कहा कि माॅरीशस में हर पूर्णिमा के दिन खीर बनाने की सनातनी परंपरा चली आ रही है। वहां की भोजपुरिया संस्कृति ने माॅरीशस में सनातन धर्म बचाकर अक्षुण्ण रखा है। अध्यक्षता करते हुए डाॅ. अपूर्व नारायण तिवारी बनारसी बाबू ने कहा कि दत्तात्रेय त्रिदेवों के एकाकार स्वरूप होने से सनातन धर्म में सभी संप्रदायों के गुरु हैं। इस दौरान पं. रामयश मिश्रा, रूपेश गुप्ता, कौस्तुभ शुक्ला, डीके सिंह, लीसा, राकेश सिंह आदि थे।