बीएचयू के विधि संकाय के क्लिनिकल लीगल एजुकेशन प्रोग्राम के तहत अधिवक्ता अंशुमान त्रिपाठी का पैनल अधिवक्ता के रूप में चयन किया गया है। 22 सितंबर को हुई बैठक में संकाय प्रमुख प्रो. प्रदीप कुमार सिंह ने उनके नाम की सर्वसम्मति से सिफारिश की। उनका (मनोनयन) इम्पैनलमेंट तीन साल के लिए किया गया। वह समिति की ओर से संदर्भित मामलों को वाराणसी न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करेंगे। बीएचयू के पूर्व छात्र अंशुमान का मई 2026 से विवि में भी इम्पैनलमेंट है। वह साल 2013 से आईआईटी बीएचयू के मालवीय उद्यमिता संवर्धन केंद्र को विधिक सेवाएं दे रहे हैं। उन्होंने बीएचयू से एलएलबी, एलएलएम (मानवाधिकार) और भारतीय विधि संस्थान, नई दिल्ली से श्रम कानून में डिप्लोमा किया है।