वाराणसी। बीएचयू की दो महिला प्रोफेसरों से फ्लैट बुकिंग के नाम पर 30 लाख रुपये की कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। सुंदरपुर बृजन्क्लेव में फ्लैट बुक कराने के बाद भी कब्जा नहीं मिलने और रकम वापसी के लिए दिए गए चेक बाउंस होने पर चितईपुर पुलिस ने बिल्डर अविनाश उपाध्याय, भाई कालिंदी उपाध्याय, ऋषिकेश उपाध्याय और मां के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। डॉ. रीता सिंह की शिकायत के अनुसार, मई 2021 में उन्होंने और डॉ. शबनम ने सुंदरपुर निवासी बिल्डर अविनाश के प्रोजेक्ट में एक-एक फ्लैट बुक कराया था। दोनों ने 15-15 लाख रुपये दिए थे। बिल्डर ने जून 2022 तक फ्लैट बनाकर देने का वादा किया था। एग्रीमेंट में तय किया गया था कि निर्धारित समय पर फ्लैट नहीं मिलने की स्थिति में पूरी रकम ब्याज समेत वापस की जाएगी। आरोप है कि तय समय बीतने के बाद भी फ्लैट नहीं मिले। शिकायतकर्ता के मुताबिक, द्वितीय तल पर बुक कराए गए फ्लैटों का निर्माण अब तक अधूरा है। दो वर्षों से उसका मोबाइल फोन भी बंद है। काफी दबाव पर बिल्डर ने दोनों को 15-15 लाख रुपये के चेक दिए, लेकिन बैंक में जमा करने पर वे बाउंस हो गए। एक महीने बाद दोबारा दिए गए चेक भी बाउंस हो गए। इसके बाद डॉ. रीता सिंह ने पुलिस से शिकायत की। थाना प्रभारी राकेश गौतम ने बताया कि दस्तावेज की जांच की जा रही है। ब्यूरो