इस महीने 7 से 16 सितंबर तक सर्वे में जिन 9055 मरीजों में कोरोना जैसे लक्षण मिले थे, उन्हें जांच रिपोर्ट आने तक होम आइसोलेशन में रखने का निर्णय लिया गया है। सभी की सेहत की निगरानी की जिम्मेदारी संबंधित स्वास्थ्य केंद्र को दी गई है। सैंपल तो ले लिया गया, लेकिन जांच रिपोर्ट में एक सप्ताह का समय लग सकता है। सभी की आरटीपीसीआर जांच कराई जा रही है। इस समय आईएमएस बीएचयू में माइक्रो बायोलॉजी लैब के बंद होने की वजह से जांच का दबाव मंडलीय अस्पताल कबीरचौरा, आईएमएस के एमआरयू लैब पर है। एडिशनल सीएमओ डॉ. एके मौर्या ने बताया कि होम आइसोलेशन में रहने वालों से कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करने को कहा गया है। जैसे-जैसे रिपोर्ट आती जाएगी, उसके हिसाब से लोगों को स्वस्थ घोषित किया जाएगा। उधर, बृहस्पतिवार को स्वास्थ्य विभाग को मिली 4800 सैंपल की रिपोर्ट में कोई नया मरीज नहीं मिला। अब जिले में छह एक्टिव मरीज हैं।