वाराणसी। बीएचयू सामाजिक विज्ञान संकाय में विशेष व्याख्यान में वैश्वीकरण के मुद्दे पर चर्चा की गई। बतौर मुख्य वक्ता जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय नई दिल्ली के पूर्व आचार्य प्रो. आनंद कुमार ने कहा कि वैश्वीकरण ने भारतीय समाज में समरसता की जगह विद्रुपता को ज्यादा दिखाया है। चुनौतियों को दूर करने की जरूरत है। जलवायु परिवर्तन पर कहा कि वर्तमान में 65 से 70 फीसदी आबादी खेती, किसानी में लगी है। यही आबादी सही मायने में पूरे विश्व को एक नई दिशा दे सकती है। ब्रिक्स देशों का कृषि पर जोर उन देशों के लिए एक सबक है, जो अंधाधुंध औद्योगीकरण में लगे हुए हैं। स्वागत प्रो. श्वेता प्रसाद, दशरथ कुमार शर्मा ने किया। संचालन डॉ. शरद धर शर्मा, धन्यवाद डॉ. अमरनाथ पासवान ने किया। ब्यूरो