शिया समुदाय के चौथे इमाम जैनुल आबदीन की शहादत पर रविवार को शहर भर में मजलिसें हुईं। दरगाह-ए-फातमान में अंजुमन हैदरी के जेरे इंतजाम 18 बनी हाशिम का ताबूत उठाया गया। जियारत करने के लिए अकीदतमंदों का हुजूम उमड़ पड़ा। लियाकत अली और साथियों ने सोजख्वानी और फरमान गाजीपुरी व वफा बुतराबी ने पेशख्वानी की। मौलाना सैयद अकील हुसैनी ने मजलिस को खिताब किया। मौलाना शबाब हैदर जलालपुरी ने एक-एक ताबूत का परिचय कराया। इस दौरान दुख भरे बयान सुनकर हर किसी की आंखें नम हो गईं। शिवपुर में अंजुमन पंजतनी के जेरे इंतजाम इमाम का ताबूत उठाया गया। हाजी फरमान हैदर ने मजलिस को खिताब किया। चारों अंजुमनों ने नौहा व मातम किया। भदऊं चुंगी स्थित डॉ. शफीक हैदर के आवास, मस्जिद मीर नादे अली कच्ची सराय समेत शिवाला, मदनपुरा, रामनगर, बजरडीहा, अर्दली बाजार आदि क्षेत्रों पर मजलिसें हुईं।