ज्ञानपुर। ऊंज थाना क्षेत्र के वहिदामोड़ से पखवारे भर पहले युवती के लापता होने के मामले की विवेचना में लापरवाही बरतना ऊंज थानाध्यक्ष राजेश पांडेय को भारी पड़ गया। शिकायत मिलने पर एसपी राजेश एस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए थानाध्यक्ष को निलंबित कर पुलिस लाइन से अटैच कर दिया। सुल्तानपुर के दोस्तपुर थाना क्षेत्र के एक गांव की युवती करीब 15 दिन पहले परिवार के साथ सीतामढ़ी घूमने आई थी। यहां से वह अचानक गायब हो गई। इस पर उसके पिता ने ऊंज थाने में दो युवकों के खिलाफ नामजद तहरीर दी थी। पुलिस ने अपहरण का मुकदमा दर्ज कर आरोपी का सहयोग करने वाले एक युवक को गिरफ्तार कर लिया। विवेचना के दौरान आरोपी की गिरफ्तारी न होने पर पुलिस ने उसकी मां को जेल भेज दिया। आरोपी युवक के घर वालों ने शासन और एसपी को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई। इसमें पुलिस पर एकतरफा कार्रवाई का आरोप लगाया गया। एसपी ने मामले को संज्ञान में लेते हुए जांच कराई तो विवेचना में कई गड़बड़ियां सामने आईं। साथ ही युवती की बरामदगी से पूर्व आरोपी की मां को जेल भेजना ठीक नहीं था। मामले को गंभीरता से लेते हुए एसपी ने ऊंज थाने के प्रभारी निरीक्षक राजेश पांडेय को निलंबित कर दिया। एसपी ने कहा कि विवेचना में लापरवाही बरती गई है। इसलिए एसओ को निलंबित कर मामले की जांच की जा रही है।