डीएवी पीजी कॉलेज के संस्कृत विभाग की ओर से मंगलवार को 10 दिनों की संस्कृत संभाषण कार्यशाला शुरू हुई। मुख्य प्रशिक्षक आशीष मणि त्रिपाठी ने 125 विद्यार्थियों को देव भाषा संस्कृत में सामान्य व्यवहार करने और संवाद करने का प्रशिक्षण दिया। सभी छात्रों को खेल के माध्यम से वाक्य बनाना सिखाया। उन्होंने कहा कि इन 10 दिनों में निष्ठा पूर्वक कोई भी छात्र इस कार्यशाला को करेगा तो सामान्य संस्कृत में बातचीत करने में समर्थ हो जाएगा। अध्यक्षता करते हुए महाविद्यालय के कार्यवाहक प्राचार्य प्रो. मिश्रीलाल ने कहा कि संस्कृत भाषा सिर्फ भारतवर्ष के लिए ही लाभकारी नहीं है, यह संपूर्ण मानवता के लिए फायदेमंद है।